भीलवाड़ा (हलचल) ।  सुप्रीम कोर्ट एवं यूजीसी के निर्देशानुसार राजस्थान की सभी यूनिवर्सिटी द्वारा स्नातक व स्नातकोतर के सभी छात्रों की अंतिम वर्ष की परीक्षा का आयोजन सितंबर माह में करवाए जा रहे हैं इसके अंतर्गत सभी यूनिवर्सिटी रेगुलर, प्राइवेट एवं एडिशनल विषयों की अंतिम वर्ष की परीक्षा आयोजित कर रहा है लेकिन एमडीएस यूनिवर्सिटी रेगुलर प्राईवेट के अंतिम वर्ष के छात्रों की परीक्षा तो ले रही है लेकिन एडिशनल विषयों के छात्रों को परीक्षा से वंचित कर रही है, एमडीएस यूनिवर्सिटी में एडिशनल विषय के परीक्षार्थियों को शामिल करने के लिए छात्र प्रतिनिधि सांवरलाल जाट, सोनू रेगर एवं एनएसयूआई जिला अध्यक्ष रितेश गुर्जर के नेतृत्व में जिला कलेक्टर को राज्यपाल के नाम ज्ञापन दिया गया।
          एडिशनल की परीक्षा इसी वर्ष कराने की मांग की गई। एडिशनल परीक्षा देने वाले छात्र संपत सुथार ने बताया कि इस वर्ष एडिशनल विषयों के एग्जाम एमडीएस द्वारा नहीं करने की वजह से एमडीएस से जुड़े हजारों छात्रों का 1 वर्ष बर्बाद हो जाएगा जिससे वह आगामी भर्ती परीक्षाओं से व अन्य डिग्रीयों की प्रवेश परीक्षाओं से वंचित रह जाऐंगे। जल्द इसका एमडीएस यूनिवर्सिटी निस्तारण करें नहीं तो छात्रों द्वारा उग्र आंदोलन किया जाएगा जिसकी जिम्मेदारी सरकार व प्रशासन की होगी।
          एनएसयूआई जिला अध्यक्ष रितेश गुर्जर ने बताया कि एडिशनल के छात्रों के हितों के साथ कुठाराघात बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अगर इसी वर्ष एमडीएस यूनिवर्सिटी द्वारा एडशिनल के विद्यार्थियों की परीक्षा नहीं ली जाती है तो आगामी दिनों में विभिन्न संगठनों से जुड़े हुए छात्रों द्वारा उग्र आंदोलन किया जाएगा।
          इस मौके पर हेमराज प्रजापत, सत्यनारायण प्रजापत, सुरेश भील, शंकर लाल प्रजापत, शांति लाल जाट, अशोक कुमावत, मनोज प्रजापत, रामदेव मेघवंशी, प्रहलाद वैष्णव, राजू लाल रेगर आदि मौजूद थे।

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          एडिशनल की परीक्षा इसी वर्ष कराने की मांग की गई। एडिशनल परीक्षा देने वाले छात्र संपत सुथार ने बताया कि इस वर्ष एडिशनल विषयों के एग्जाम एमडीएस द्वारा नहीं करने की वजह से एमडीएस से जुड़े हजारों छात्रों का 1 वर्ष बर्बाद हो जाएगा जिससे वह आगामी भर्ती परीक्षाओं से व अन्य डिग्रीयों की प्रवेश परीक्षाओं से वंचित रह जाऐंगे। जल्द इसका एमडीएस यूनिवर्सिटी निस्तारण करें नहीं तो छात्रों द्वारा उग्र आंदोलन किया जाएगा जिसकी जिम्मेदारी सरकार व प्रशासन की होगी।
          एनएसयूआई जिला अध्यक्ष रितेश गुर्जर ने बताया कि एडिशनल के छात्रों के हितों के साथ कुठाराघात बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अगर इसी वर्ष एमडीएस यूनिवर्सिटी द्वारा एडशिनल के विद्यार्थियों की परीक्षा नहीं ली जाती है तो आगामी दिनों में विभिन्न संगठनों से जुड़े हुए छात्रों द्वारा उग्र आंदोलन किया जाएगा।
          इस मौके पर हेमराज प्रजापत, सत्यनारायण प्रजापत, सुरेश भील, शंकर लाल प्रजापत, शांति लाल जाट, अशोक कुमावत, मनोज प्रजापत, रामदेव मेघवंशी, प्रहलाद वैष्णव, राजू लाल रेगर आदि मौजूद थे।

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बीए बीएससी एडिशनल के विद्यार्थियों ने दिया जिला कलक्टर को ज्ञापन

बीए बीएससी एडिशनल के विद्यार्थियों ने दिया जिला कलक्टर को ज्ञापन

  2020-09-17 05:27 pm

भीलवाड़ा (हलचल) ।  सुप्रीम कोर्ट एवं यूजीसी के निर्देशानुसार राजस्थान की सभी यूनिवर्सिटी द्वारा स्नातक व स्नातकोतर के सभी छात्रों की अंतिम वर्ष की परीक्षा का आयोजन सितंबर माह में करवाए जा रहे हैं इसके अंतर्गत सभी यूनिवर्सिटी रेगुलर, प्राइवेट एवं एडिशनल विषयों की अंतिम वर्ष की परीक्षा आयोजित कर रहा है लेकिन एमडीएस यूनिवर्सिटी रेगुलर प्राईवेट के अंतिम वर्ष के छात्रों की परीक्षा तो ले रही है लेकिन एडिशनल विषयों के छात्रों को परीक्षा से वंचित कर रही है, एमडीएस यूनिवर्सिटी में एडिशनल विषय के परीक्षार्थियों को शामिल करने के लिए छात्र प्रतिनिधि सांवरलाल जाट, सोनू रेगर एवं एनएसयूआई जिला अध्यक्ष रितेश गुर्जर के नेतृत्व में जिला कलेक्टर को राज्यपाल के नाम ज्ञापन दिया गया।
          एडिशनल की परीक्षा इसी वर्ष कराने की मांग की गई। एडिशनल परीक्षा देने वाले छात्र संपत सुथार ने बताया कि इस वर्ष एडिशनल विषयों के एग्जाम एमडीएस द्वारा नहीं करने की वजह से एमडीएस से जुड़े हजारों छात्रों का 1 वर्ष बर्बाद हो जाएगा जिससे वह आगामी भर्ती परीक्षाओं से व अन्य डिग्रीयों की प्रवेश परीक्षाओं से वंचित रह जाऐंगे। जल्द इसका एमडीएस यूनिवर्सिटी निस्तारण करें नहीं तो छात्रों द्वारा उग्र आंदोलन किया जाएगा जिसकी जिम्मेदारी सरकार व प्रशासन की होगी।
          एनएसयूआई जिला अध्यक्ष रितेश गुर्जर ने बताया कि एडिशनल के छात्रों के हितों के साथ कुठाराघात बर्दाश्त नहीं किया जाएगा। अगर इसी वर्ष एमडीएस यूनिवर्सिटी द्वारा एडशिनल के विद्यार्थियों की परीक्षा नहीं ली जाती है तो आगामी दिनों में विभिन्न संगठनों से जुड़े हुए छात्रों द्वारा उग्र आंदोलन किया जाएगा।
          इस मौके पर हेमराज प्रजापत, सत्यनारायण प्रजापत, सुरेश भील, शंकर लाल प्रजापत, शांति लाल जाट, अशोक कुमावत, मनोज प्रजापत, रामदेव मेघवंशी, प्रहलाद वैष्णव, राजू लाल रेगर आदि मौजूद थे।

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