लोग नहीं आ रहे बाज, राशन नहीं होने की कर रहे झूठी शिकायतें

लोग नहीं आ रहे बाज, राशन नहीं होने की कर रहे झूठी शिकायतें

  2020-05-23 08:06 pm

जिला कलक्टर को कंट्रोल रूम प्रभारी ने दी जानकारी, कार्यवाही की मांग
भीलवाड़ा (हलचल)। 
राज्य के मुख्यमंत्राी की मंशा है कि कोरोना महामारी के चलते जारी लाॅक डाउन के बीच कोई भूखा ना सोए। इसके लिए प्रशासन पूरी तरह मुस्तैद है और कंट्रोल रूम स्थापित कर 24 घंटे अभाव ग्रस्त व्यक्तियों की शिकायतें सुन रहा है। लेकिन कुछ लोग संकट के समय में भी इन सेवाओं का दुरुपयोग करने से बाज नहीं आ रहे हैं। ऐसे ही दो व्यक्तियों के विरुद्ध जिला कलक्टर को शिकायत प्राप्त हुई है। कंट्रोल रूम प्रभारी आरएएस अपूर्वा परवाल ने इन लोगों के विरुद्ध कानूनी कार्यवाही करने हेतु जिला कलेक्टर को पत्रा लिखा।
वार रूम प्रभारी एडीएम सिटी एनके राजौरा ने बताया कि वार्ड नंबर 16 एवं वार्ड नंबर 7 निवासी दो व्यक्ति 181 पर शिकायत दर्ज करवा कर राशन की मांग करते रहे हैं। प्रशासन की टीम ने जब उनके घर जाकर देखा और पूर्व रिकार्ड को खंगाला तो पता चला कि इन्होंने एक से अधिक बार निशुल्क राशन का फायदा उठाकर अन्य वंचितों का हक छीना है।
परवाल ने बताया कि वार्ड नंबर 16 स्थित बंजारा बस्ती के रहने वाले शर्मा बंजारा ने 25 अप्रैल, 4 मई, 7 मई व 10 मई को राशन नहीं होने की शिकायत दर्ज करवाई।  7 मई को उसने तीन बार राशन के लिए फोन पर परिवाद दर्ज कराया। प्रशासन की टीम ने 23 फरवरी को उसे राशन उपलब्ध करवा दिया था। तत्पश्चात 7 मई को राशन उपलब्ध करवाया गया। रिकार्ड जांचने पर यह पता चला की शर्मा बंजारा ने 7 मई को ही दूसरे फोन नम्बर से अपनी मां लैला बंजारा के नाम से शिकायत दर्ज करवा कर उसी दिन दुबारा राशन प्राप्त कर लिया। इसी प्रकार वार्ड नंबर 7 के जवाहरनगर निवासी हीरालाल ने 19 मई को अपनी पत्नी के नाम से राशन प्राप्त किया। अगले दिन 20 मई को स्वयं के नाम से शिकायत दर्ज करा कर पुनः राशन प्राप्त किया। लगातार तीसरे दिन 21 मई को शिकायत दर्ज करवाने पर प्रशासन की टीम ने घर जाकर देखा तो वह मौके पर नहीं मिला, काम पर गया हुआ था। उसके घर में 50 किलोग्राम गेहूं और 35 किलोग्राम आटा और अन्य राशन सामग्री उपलब्ध थी। इन दोनों घटनाक्रम से प्रशासन की टीम ने पाया कि कुछ लोग गलत और अनावश्यक रूप से राहत सामग्री प्राप्त करने की कोशिश कर प्रशासन के संसाधन व समय की क्षति कर रहे हैं। इससे वास्तविक जरूरतमंदों को उनका हक मिलने में विलंब हो रहा है। इन दोनों के विरुद्ध कार्यवाही हेतु जिला कलक्टर लिखित में निवेदन किया गया है।
परवाल ने बताया कि सरकार की ओर से गेंहू वितरण किया जा रहा है, जन धन खाते में राशि ट्रांसफर हो चुकी है। फैक्ट्रियां शुरू हो जाने से रोजगार उपलब्ध होने लगा है। अन्य कार्य भी धीरे धीरे शुरू होने लगे हैं जिससे लोगों को काम मिलने लगा है। ऐसे में अभाव ग्रस्त लोगों की संख्या में पर्याप्त कमी आई है। फिर भी जो लोग अवैध रूप से सरकारी सहायता का गलत फायदा उठाने की कोशिश करेंगे उनके खिलाफ सख्त कार्यवाही होगी।

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