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इम्यूनिटी को स्ट्रॉन्ग बनाने के लिए रोज़ाना बस 10-15 मिनट जरूर करें ये योगासन

इम्यूनिटी को स्ट्रॉन्ग बनाने के लिए रोज़ाना बस 10-15 मिनट जरूर करें ये योगासन

कोरोना की बढ़ती रफ्तार को देखते हुए सावधान होने के साथ ही सतर्क होने की भी जरूरत है। सावधानी से मतलब है मास्क लगाएं, हाथ धोते रहें, सोशल डिस्टेंसिंग का पालन करें और सर्तकता से तात्पर्य है हेल्थ को हल्के में लेने की गलती न करें क्योंकि कोरोना का सबसे पहला शिकार कमजोर इम्युनिटी वाले लोग ही हो रहे हैं। ऐसे में इम्युनिटी को मजबूत बनाए रखना बहुत जरूरी है। इम्युनिटी को स्ट्रॉन्ग बनाने के लिए काढ़ा पीना, स्टीम लेना, विटामिन सी युक्त भोजन तो मददगार हैं ही साथ ही वर्कआउट को भी अपने डेली रूटीन का हिस्सा बनाएं।

व्यायाम किसी भी तरह का हो, ये हर तरह से आपके लिए फायदेमंद ही होता है। लेकिन कोरोना महामारी के बाद से लोग योग की तरफ खासतौर से आकर्षित हुए हैं क्योंकि इसके फायदे लंबे समय तक रहते हैं। तो आज हम कुछ ऐसे आसनों के बारे में जानेंगे जिसके रोज़ाना 10-15 मिनट के अभ्यास से इम्यूनिटी तो बूस्ट होगी ही साथ ही इससे वेट और पेट को भी आसानी से कम किया जा सकता है।

 

त्रिकोणासन

इम्यूनिटी को बूस्ट करने वाले सबसे अच्छे और सरल आसनों में से एक है। अगर आपका वजन तेजी से बढ़ रहा। है तो उसे यह आसन जरूर करना चाहिए। पीठ दर्द की समस्या में भी यह आसन रामबाण है। पैरों एवं घुटनों के अलावा कूल्हों एवं गर्दन और रीढ़ की मसल्स स्ट्रॉन्ग होती है।

 

भुजंगासन

इस आसन के अभ्यास से मेरूदंड लचीला हो जाता है। इस आसन के अभ्यास से दमा आदि सांस संबंधी रोग ठीक हो जाते हैं। इसके अभ्यास से पेट पर से अत्यधिक चर्बी कम होती है। कमर पतली व सीना चौड़ा होता है। यह गर्दन के दर्द के रोगियों के लिए लाभदायक है।  

 

धनुरासन

यह आसन कमर व गर्दन दर्द रोगियों के लिए बहुत लाभदायक है। श्वास संबंधित रोगों के लिए भी यह आसन लाभदायक है। यह सांस की क्षमता में वृद्धि करता है। कंधे चौड़े व मजूबत होते हैं। पेट की चर्बी कम होती है। कब्ज दूर होकर भूख तेज लगने लगती है।

सेतुबंधासन

सेतुबंधासन पेट के अंदरूनी अंगों की अच्छे से मसाज करता है जिससे पाचन क्रिया सही रहती है। यह आसन रीढ़ की हड्डी, सीने और गर्दन में खिंचाव कर उन्हें टोन्ड करता है। यह आसन अनिद्रा, ऑस्टियोपोरोसिस की समस्या दूर करता है।

अधोमुख श्वानासन

इस आसन से गर्दन में खिंचाव होता है जिसकी वजह से चिंता दूर होती है। यह हाथ, पैरों, कंधे, बांहों और सीने को टोन करता है। डाइजेस्टिव सिस्टम को स्ट्रॉन्ग बनाता है। इस आसन में सिर को नीचे की ओर झुकाया जाता है जिससे ब्लड सर्कुलेशन बेहतर होता है।

तो इन आसनों के फायदे तो आपने जान ही लिए। अब इन्हें करने का तरीका भी जान लें। 

वैसे तो योगाभ्यास के लिए सुबह का समय सबसे सही माना जाता है लेकिन शाम को भी करने में कोई नुकसान नहीं है। बस इस बात का ध्यान रखें कि खाना खाने के तुरंत बाद योगाभ्यास न करें। साथ ही करने से तुरंत पहले पानी भी न पिएं न ही बीच में। आसनों को खत्म करने के कम से कम 1/2 घंटे बाद ही कुछ खाना-पीना चाहिए।