boltBREAKING NEWS
  • रहें हर खबर से अपडेट भीलवाड़ा हलचल के साथ
  • भीलवाड़ा हलचल पर समाचार या जानकारी भेजे [email protected]
  • सबसे ज्यादा पाठकों तक पहुँच और सबसे सस्ता विज्ञापन सम्पर्क करें  6377 364 129
  •  

श्मशान घाट हाउसफुल, खेतों-जमीनों पर दाह-संस्कार की अनुमति

श्मशान घाट हाउसफुल, खेतों-जमीनों पर दाह-संस्कार की अनुमति

कोरोना वायरस की दूसरी लहर ने पूरे देश को अपने चपेट में ले लिया है। रोजाना 3.5 लाख से अधिक नये मामले जुड़ रहे हैं और सैकड़ों लोगों की मौत हो रही है। इसकी वजह से अस्पतालों में बेड की ही नहीं, बल्कि शमशान घाटों की भी कमी हो गई है। बढ़ते मामलों के कारण अस्पतालों, एंबुलेंस, मुर्दाघरों और श्मशान घाटों पर काम बोझ बढ़ गया है। कर्नाटक में हालत ऐसी है कि जगह की कमी के कारण श्मशान घाट के गेट पर हाउसफुल का बोर्ड लगा दिया गया। बता दें कि सोमवार को सरकारी आंकड़ों के मुताबिक कर्नाटक में कोरोना के 44,438 नये मामले सामने आए और 239 लोगों की मौत हो गई।

कोरोना के कारण हुई मौतों से लाशों के ढेर लग रहे हैं और श्मशान घाटों में जगह की कमी हो रही है। कर्नाटक के चामराजपेट में जगह की कमी के कारण, एक श्मशान के बाहर अधिकारियों ने "हाउस फुल" का साइनबोर्ड लगा दिया। आपको बता दें कि इस श्मशान में एक साथ लगभग 20 शवों का दाह-संस्कार किया जा सकता है। लेकिन इससे अधिक शवों के पहुंचने पर बोर्ड लगा दिया और दाह संस्कार के लिए और शव लेने से इंकार कर दिया। बेंगलुरु में 13 इलेक्ट्रिक श्मशानगृह हैं और कोरोना संक्रमण के मामलों में वृद्धि के चलते वे सभी ‘फुल’ चल रहे हैं।

इस भयावह स्थिति को देखते हुए कर्नाटक सरकार ने कोविड -19 से मरनेवालों को दफन करने के लिए बेंगलुरु के आसपास 230 एकड़ सरकारी जमीन बेंगलुरु महानगर पालिका को आवंटित की है। इसके अलावा श्मशानगृहों में भी जगह ना मिलने की बढ़ती शिकायतों को देखते हुए कर्नाटक सरकार ने परिवारों के स्वामित्व वाले खेतों (Family-owned Farms) और जमीनों पर भी दाह संस्कार की अनुमति देने का फैसला किया है।

स्वास्थ्य मंत्रालय के अनुसार कर्नाटक में सोमवार को कोरोना वायरस संक्रमण के 239 मरीजों की मौत होने से इस महामारी से मरने वालों की संख्या बढ़कर 16,250 हो गयी है जबकि इस दौरान कोरोना के 44,438 नये मामले सामने आने के बाद संक्रमितों की संख्या बढ़कर 16 लाख से भी ज्यादा हो गई है।