boltBREAKING NEWS
  • जयपुर : मुख्यमंत्री अशोक गहलोत ने की प्रदेश के लोगों से शांति बनाए रखने की अपील, कहा- दोषियों को बख्शेंगे नहीं
  • भीलवाड़ा : जिला कलेक्टर आशीष मोदी ने लोगों से की शांति की अपील, बोले- अफवाहों पर न दें ध्यान  
  • भीलवाड़ा : एसपी आदर्श सिधू ने की लोगों से शांति बनाए रखने की अपील, कहा- पुलिस का सहयोग करें और कानून व्यवस्था बनाए रखें 
  •  

राजस्थान में मानसून की एंट्री लेट लेकिन प्री मानसून में हुई रिकॉर्ड बारिश, इस जिले में सबसे ज्यादा बरसे बादल

 राजस्थान में मानसून की एंट्री लेट लेकिन प्री मानसून में हुई रिकॉर्ड बारिश, इस जिले में सबसे ज्यादा बरसे बादल

 राजस्थान में इस साल भले ही मानसून की एंट्री लेट हो रही है लेकिन प्री मानसून में 23 फीसदी ज्यादा बारिश दर्ज की गई है.

राजस्थान में मानसून की एंट्री पिछले साल की तुलना में इस साल थोड़ी देरी हो रही है. वहीं इस साल प्री-मानसून के बादलों ने अब तक की बारिश का कोटा पूरा कर दिया है. राजस्थान में हमेशा 20 जून तक जितनी बारिश होती है उससे 23 फीसदी ज्यादा बरसात अब तक हो चुकी है. 

पश्चिम और दक्षिण राजस्थान के कई इलाकों में तेज बारिश के बाद बांध, झरने और नदियों में पानी का बहाव भी शुरू हो गया है. ऐसे में लोगों के लिए ये प्री-मानसून की बारिश एक अच्छे मानसून के आने का संकेत दे रहे है.

राजस्थान में 1 जून से 20 जून तक सामान्यत: औसतन 25.1MM बरसात होती है, लेकिन इस बार अब तक 30.8MM औसत बरसात हो चुकी है, जो सामान्य से 23 फीसदी ज्यादा है. अगर देखें तो सबसे ज्यादा बरसात पिछले एक सप्ताह के दौरान हुई, जिससे इस प्री-मानसून की बारिश का कोटा पूरा हो गया है. मौसम विभाग का अनुमान है इस वर्ष भी प्रदेश में मानसून की एंट्री झालावाड़ से हो सकती है.

चम्बल नदी में पानी का जल स्तर बढ़ा

चम्बल नदी में पानी का जल स्तर बढ़ने लगा है. चित्तौड़गढ़ के राणा प्रताप सागर बांध का जलस्तर 347.16 से बढ़कर 347.91 आरएल मीटर तक पहुंच गया. वहीं टोंक के बीसलपुर बांध में भी करीब 7 सेमी. की बढ़ोतरी हुई है. 14 जून को सिरोही के पिंडवाड़ा तहसील में बारिश के बाद झाडोली नदी बहनी शुरू हो गई है. 

दौसा जिले में हुई सबसे अधिक बारिश

इस बार सबसे ज्यादा बरसात दौसा जिले में हुई है. यहां सामान्य से 181 फीसदी ज्यादा बरसात हुई है. दौसा में अमूमन 20 जून तक 28.1MM बरसात होती है, लेकिन इस बार अब तक 79MM बारिश हो चुकी है. इसी तरह सवाई माधोपुर में 179 फीसदी, बूंदी में 171, नागौर में 177 और भरतपुर में 119 ज्यादा बरसात इस प्री-मानसून में अब तक हो चुकी है.