दुनिया में कोई ताकत नहीं जो सनातन संस्कृति को मिटा सके-राज्यपाल बागड़े
भीलवाड़ा। हरिशेवा उदासीन आश्रम सनातन मंदिर भीलवाड़ा के तत्वावधान में आठ दिवसीय सनातन मंगल महोत्सव एवं दीक्षा दान समारोह के दूसरे दिन राजस्थान के राज्यपाल हरिभाउ बागड़े वहां पहुंचे ओर श्रीमद भागवत महापुराण कथा श्रवण किया। राज्यपाल बागड़े का हरिशेवा उदासीन आश्रम पहुंचने पर हरि शेवा उदासीन आश्रम सनातन मंदिर के महामंडलेश्वर स्वामी हंसराम उदासीन महाराज एवं संत महात्माओं के साथ सनातन सेवा समिति एवं हंसगंगा हरि शेवा भक्त मण्डल के पदाधिकारियों एवं सदस्यों ने स्वागत किया।
राज्यपाल बागड़े ने सनातन मंगल महोत्सव को एतिहासिक आयोजन बताते हुए कहा कि सनातन संस्कृति दुनिया की सबसे प्राचीन ओर समावेशी सोच रखने वाली है ओर इस तरह के आयोजन सनातन संस्कृति को मजबूत बनाने वाले है। उन्होंने कहा कि दुनिया में कोई ताकत नहीं है जो सनातन संस्कृति के प्रति हमारी श्रद्धा और भक्ति को मिटा सके। इसी श्रद्धा के कारण ये संस्कृति सुरक्षित है। महाभारत ओर रामायण जैसे ग्रन्थ इसी सनातन संस्कृति के प्रतीक हैं। राज्यपाल ने कहा कि आठवीं सदी से ही सनातन संस्कृति को नष्ट करने के कई प्रयास होते रहे लेकिन आक्रमणकारी कभी सफल नहीं हो पाए। हमारे गुरुकुल ओर विश्वविद्यालय खत्म कर दिए ताकि सनातन के प्रति श्रद्धा नष्ट कर सके पर भारत में ऐसा कभी नहीं हो पाया। बप्पा रावल ने मोहम्मद बिन कासिम को खदेड़ दिया।
आज की रावलपिंडी उन्हीं बप्पा रावल की है। हमारे साधु संतों के सनातन संस्कृति ओर धर्म को बचाने का कार्य करने से ये सदा सुरक्षित रही। बाबर के लोगों ने श्रीराम का मंदिर गिराया पर उनके प्रति हमारी श्रद्धा को मिटा नहीं पाया। राज्यपाल ने व्यास पीठ पर विराजित श्रीधाम वृन्दावन के कथा व्यास डॉ. श्यामसुन्दर पाराशर का अभिनंदन करते हुए उनका आशीर्वाद प्राप्त किया। महामंडलेश्वर स्वामी हंसराम उदासीन ने राज्यपाल को पुष्प गुच्छ, सनातन सिंधु चिन्ह भेंट करने के साथ आयोजन के उद्धेश्य एवं इस आठ दिवसीय आयोजन के तहत हो रहे विविध धार्मिक अनुष्ठानों व आयोजनों के बारे में जानकारी दी।
उन्होंने कहा कि एक संगत ओर एक पंगत की भावना को मजबूत करने वाला ये आयोजन सनातन संस्कृति के विविध स्वरूपों को दर्शाने वाला ‘मिनी कुंभ’ है। इस अवसर पर राज्यसभा सांसद बालयोगी उमेशनाथ महाराज, भीलवाड़ा सांसद दामोदर अग्रवाल भी मौजूद थे। राज्यपाल ने हरि शेवा उदासीन आश्रम से रवाना होने से पूर्व सनातन मंगल महोत्सव के तहत हो रहे विभिन्न धार्मिक अनुष्ठानों का अवलोकन किया। उन्होंने विश्व शांति, सर्व संकट निवारण एवं विश्व कल्याण की भावना से प्रतिदिन सुबह 8 बजे से हो रहे वैदिक अग्नि अनुष्ठान पंचकुण्डीय श्री विष्णु महायज्ञ, श्री अष्टोतर शत (108) भागवत मूल पाठ एवं शतचण्डी, अनवरत अखण्ड श्रीमद् भगवतगीता पाठ, श्री रामचरितमानस पाठ, श्रीचंद सिद्धांत सागर पाठ, अखण्ड श्री रामनाम संकीर्तन स्थल का अवलोकन किया।
उन्हें बताया गया कि काशी के यज्ञाचार्य कामेश्वरनाथ तिवारी के सानिध्य में यज्ञ सम्पादन एवं चारों वेद के मूल पाठ का पारायण हो रहा है। प्रतिदिन शाम 7 बजे से श्रीधाम वृन्दावन के रसिकाचार्य कुंजबिहारी शर्मा श्री निकुंज बिहारी रासलीला मण्डल के लीलाकारों द्वारा रासलीला का आयोजन किया जा रहा है। महोत्सव में प्रतिदिन शाम 6 बजे से काशी की तर्ज पर गंगा आरती का आयोजन भी हो रहा है। इन सभी कार्यक्रमों की पूर्णाहुति 25 फरवरी को होगी। दीक्षा दान समारोह की पूर्व संध्या पर 25 फरवरी को भव्य संत दर्शन एवं सनातन शोभायात्रा का आयोजन होगा।
सनातन मंगल महोत्सव के अंतिम दिन दीक्षा दान समारोह एवं संत समागम का मुख्य आयोजन 26 फरवरी को सुबह 9 बजे से हरिशेवाधाम परिसर में बने विशाल पांडाल में होगा। राज्यपाल बागड़े ने इस भव्य आयोजन की सफलता के लिए मंगलभावनाएं व्यक्त की। संचालन पंडित अशोक व्यास ने किया।
