भीलवाड़ा शहर के हर थाना क्षेत्र में चल रहा है क्रिकेट का सट्टा , बस पुलिस को नहीं है खबर ! क्रिकेट के सटोरियों का जाल शहर और प्रदेश ही नहीं विदेशों तक फैला

भीलवाड़ा (हलचल)। गली मौहल्लों में सट्टे की खाईवाली तो आम बात हो गई है। लेकिन भीलवाड़ा क्रिकेट के सट्टे में प्रदेश भर में अपना वर्चस्व जमा रहा है। यहां के खाईवाल अन्य शहरों में अपने कारोबार को अंजाम दे रहे है। ऐसा ही एक मामला दो दिन पहले झुंझुनू में पकड़ा गया जहां भीलवाड़ा के तीन सटोरिये गिरफ्तार हुए है।
जानकारों की माने तो भीलवाड़ा क्रिकेट के सट्टे का गढ़ बन चुका है। यहां के सटोरिये भीलवाड़ा ही नहीं बल्कि प्रदेश और विदेश तक में अपना जाल बिछा चुके है। यह बात भी नहीं है कि पुलिस सटोरियों के खिलाफ कार्रवाई नहीं करती। कुछ सालों पहले नामचीन सटोरियों को पुलिस ने बेनकाब किया था लेकिन यह धंधा थमा नहीं बल्कि और बढ़ गया। हालात यह है कि कई सफेदपोश लोग इस धंधे में अपना भाग्य आजमा रहे है।
भीलवाड़ा में क्रिकेट के खाईवालों की एक बड़ी लिस्ट है और पुलिस की नजर से भी यह बचे हुए नहीं है लेकिन तालमेल के चलते क्रिकेट का सट्टा पनपता जा रहा है। हालात यह है कि घरों और कारों में बैठकर भी खाईवाली का खेल चल रहा है। शहर को कोई कोना ऐसा नहीं है जहां यह कारोबार नहीं होता हो। इस धंधे से जुड़े कई लोग शहर के बाहर छोटे गांव को भी अब अपना केन्द्र बिन्दू बना रहे है। वहीं पूर्व में चर्चित रह चुके खाईवाल अब बड़े शहरों की होटलों और विदेशों से भी इस धंधे को चला रहे है।
सट्टे की खाईवाली तो शहर के हर थाना क्षेत्र में हो रही है। बीच बाजार हो या औद्योगिक इलाका, कोई इससे अछूता नहीं है। खासकर, पान की दुकान, होटल और टेंटों में भी यह कारोबार जमकर चल रहा है। लेकिन कार्रवाई के नाम पर मुट्ठी गर्म ही होती है। वास्तविकता ये है कि शहर के हरेक थाना क्षेत्र में इस समय करोड़ों रुपए का क्रिकेट का आईपीएल का सट्टा खिलाया जा रहा है। इनमें से कुछेक सटोरिया तो ऐसे हैं, जिनकी पूरी कुंडली पुलिस के पास है ,लेकिन कार्रवाई नहीं की जा रही।
