राजस्थान राज्य श्रमण संस्कृति बोर्ड बनने पर जैन समाज में खुशी की लहर

उदयपुर । राज्य सरकार के सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा राजस्थान राज्य श्रमण संस्कृति बोर्ड के गठन के आदेश पर सकल जैन समाज उदयपुर में हर्ष व्यक्त किया है। महावीर जैन परिषद के मुख्य संयोजक राजकुमार फत्तावत ने राज्य सरकार राजस्थान सरकार द्वारा जैन समाज के मंदिर, पुरातत्विक धरोहरों के संरक्षण एवं नव निर्माण जैन समाज के लोक साहित्य एवं गं्रथों के प्रकाशन, प्रचार-प्रसार , इनके प्राचीन साहित्यों के संकलन शोध एवं संरक्षण तथा जैन धर्म श्रमण परम्पराओं के संरक्षण के आदेश जारी किए है। जिससें उदयपुर सहित पूरे जैन समाज में खुशी की लहर है। फत्तावत ने बताया कि जैन समाज की तीर्थंकर परम्पारा पर रचे गए लोक साहित्य का प्रकाशन व प्रचार प्रसार, भगवान के महावीर के शांति एवं अहिंसा के प्रचार-प्रसार, जैन समुदाय के आचार्य, संतों एवं साध्विायों एवं श्रावक-श्राविकाओं को भ्रमण के दौरान कानूनी संरक्षण प्रदान करने का सुझाव राज्य सरकार को देना आदि इस बोर्ड के मुख्य उद्द्ेश्य है। ज्ञात रहे कि 20 जुलाई को देशभर में सकल जैन समाज द्वारा कर्नाटक में जैन आचार्य की निर्मम हत्या के विरोध में राष्ट्रपति, प्रधानमंत्री एवं मुख्यमंत्री के नाम ज्ञापन दिया गया जिसकी मुख्य मांग श्रमण संस्कृति बोर्ड के गठन एवं साधु संतों की सुरक्षा प्रदान करने की थी।
