बाजार में 'महा-धमाका': सीजफायर की खबर से सेंसेक्स 2800 अंक उछला, निवेशकों की संपत्ति 14 लाख करोड़ बढ़ी

हलचल डेस्क । पिछले एक महीने से अधिक समय से जारी युद्ध के बीच बुधवार सुबह भारतीय शेयर बाजार के लिए खुशियों की सौगात लेकर आई। अमेरिका और ईरान के बीच दो हफ्ते के सीजफायर (युद्धविराम) के ऐलान और इस्लामाबाद में होने वाली शांति वार्ता की खबरों ने दलाल स्ट्रीट में जान फूंक दी। बाजार ने ऐसी तेज रफ्तार पकड़ी कि कुछ ही मिनटों में निवेशकों की झोली में अरबों रुपये आ गए।
सेंसेक्स और निफ्टी में रिकॉर्ड तोड़ बढ़त
कारोबार की शुरुआत होते ही सेंसेक्स करीब 2800 अंकों की ऐतिहासिक छलांग लगाकर 77,392 के स्तर पर जा पहुंचा। वहीं, निफ्टी भी 800 से अधिक अंकों के उछाल के साथ 23,939 के स्तर पर ट्रेड करता दिखा। इस जबरदस्त तेजी के चलते महज कुछ ही मिनटों के भीतर निवेशकों की संपत्ति में करीब 14 लाख करोड़ रुपये का इजाफा हो गया।
रुपया हुआ मजबूत, कच्चा तेल 14% तक लुढ़का
युद्ध थमने की खबरों के बीच डॉलर इंडेक्स में 1 फीसदी की गिरावट दर्ज की गई, जिससे भारतीय रुपया 50 पैसे मजबूत होकर 92.56 के स्तर पर पहुंच गया। सबसे बड़ी राहत कच्चे तेल के मोर्चे पर मिली है। ब्रेंट क्रूड 14 फीसदी की भारी गिरावट के साथ 95 डॉलर प्रति बैरल से नीचे आ गया है। भारत जैसे तेल आयातक देश के लिए यह महंगाई कम होने और अर्थव्यवस्था मजबूत होने का बड़ा संकेत है।
रियल्टी और आईटी सेक्टर में भारी खरीदारी
बाजार की इस लहर में लगभग सभी सेक्टर्स में हरियाली नजर आई। निफ्टी के सभी प्रमुख सेक्टर्स में तेजी रही, जिसमें NIFTY REALTY इंडेक्स ने 6.96 फीसदी की सबसे बड़ी छलांग लगाई। सेंसेक्स के 30 प्रमुख शेयरों में से सनफार्मा और टेक महिंद्रा को छोड़कर बाकी सभी शेयर बढ़त के साथ कारोबार करते देखे गए।
वैश्विक बाजारों में भी जश्न का माहौल
केवल भारत ही नहीं, बल्कि एशियाई बाजारों में भी सीजफायर की खबर का व्यापक असर दिखा। जापान और कोरिया के शेयर बाजारों में 6 फीसदी तक का उछाल देखा गया। निवेशकों को अब उम्मीद है कि शांति वार्ता से वैश्विक अनिश्चितता खत्म होगी और आने वाले दिनों में भारतीय रिजर्व बैंक (RBI) भी ब्याज दरों में स्थिरता बनाए रखकर बाजार को और मजबूती प्रदान करेगा।
