भीलवाड़ा: करंट से युवक की मौत पर गरमाया माहौल, मोर्चरी पर सैन समाज का धरना-प्रदर्शन
भीलवाड़ा हलचल। शहर के पांसल चौराहे पर बुधवार शाम करंट की चपेट में आने से सैन समाज के एक युवक की दर्दनाक मौत के बाद आक्रोश फूट पड़ा है। मृतक अपने माता-पिता का इकलौता सहारा था। घटना से गुस्साए समाज के लोग और परिजन जिला अस्पताल की मोर्चरी के बाहर धरने पर बैठ गए हैं, जिससे शव का पोस्टमार्टम भी अटक गया है।
अतिक्रमण हटाने के दौरान हुआ हादसा, निगम पर लगे गंभीर आरोप
परिजनों व समाज के प्रतिनिधियों का आरोप है कि पुलिस लाइन के पीछे रहने वाला महावीर (23) पुत्र गणपत लाल सैन पांसल चौराहे पर अपनी केबिन चलाता था। आरोप है कि बुधवार शाम करीब 4 बजे नगर निगम का दस्ता वहां पहुंचा और केबिन हटाने का दबाव बनाया। जल्दबाजी में केबिन हटाने के लिए क्रेन बुलाई गई। इसी दौरान क्रेन चालक की लापरवाही से केबिन ऊपर से गुजर रही हाईटेंशन लाइन से टकरा गई, जिसकी चपेट में आने से महावीर की मौके पर ही मौत हो गई।
निगम आयुक्त के दावे पर उठाए सवाल
घटना के बाद नगर निगम आयुक्त द्वारा जिला कलेक्टर को सौंपी गई कथित रिपोर्ट में निगम दस्ते की मौजूदगी से इनकार किया गया है। इस दावे पर समाज के लोगों ने तीखी प्रतिक्रिया दी है। प्रदर्शनकारियों का कहना है कि पूरा शहर सीसीटीवी कैमरों की निगरानी में है और प्रत्यक्षदर्शियों ने निगम अधिकारियों को मौके से भागते देखा है। समाज ने मांग की है कि सीसीटीवी फुटेज की निष्पक्ष जांच कराई जाए।
इकलौते बेटे की मौत से परिवार पर टूटा दुखों का पहाड़
महावीर अपने माता-पिता की इकलौती संतान था। उसकी मौत ने पूरे परिवार को बेसहारा कर दिया है। मृतक के पीछे एक 3 साल की मासूम बेटी और मात्र 15 दिन का नवजात बेटा है। पत्नी और वृद्ध माता-पिता का रो-रोकर बुरा हाल है।
मुआवजे और कार्रवाई की मांग पर अड़ा समाज
सैन समाज ने स्पष्ट चेतावनी दी है कि जब तक पीड़ित परिवार को उचित आर्थिक मुआवजा नहीं दिया जाता और दोषी अधिकारियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं होती, तब तक धरना समाप्त नहीं किया जाएगा। समाज ने प्रशासन से परिवार के भरण-पोषण की जिम्मेदारी लेने की मांग की है और मांगें पूरी न होने पर उग्र आंदोलन की चेतावनी दी है।
