सर्दी से राहत का महाअभियान, 6 हज़ार 585 वस्त्र वनवासी क्षेत्र में होंगे वितरित

सर्दी से राहत का महाअभियान, 6 हज़ार 585 वस्त्र वनवासी क्षेत्र में होंगे वितरित
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भीलवाड़ा। हरी शेवा उदासीन आश्रम सनातन मंदिर एवं हरी शेवा धर्मशाला के तत्वावधान में उदयपुर व बांसवाड़ा के वनवासी क्षेत्रों में सर्दी से राहत पहुंचाने हेतु सेवा कार्य निरंतर जारी है। इस महाअभियान के अंतर्गत जरूरतमंद बच्चों, महिलाओं एवं पुरुषों को स्वेटर, शॉल सहित कुल 6 हजार 585 वस्त्रों का वितरण किया जाएगा। यह सेवा कार्य महामंडलेश्वर स्वामी हंसराम उदासीन के मार्गदर्शन में संपन्न होगा। कार्यक्रम में राजस्थान वनवासी कल्याण परिषद, विवेकानंद केंद्र, मुस्कान फाउंडेशन तथा समाजसेवी हेमनदास भोजवानी उस्ताद का सक्रिय सहयोग प्राप्त हो रहा है। सभी संस्थाएं मिलकर सर्द मौसम में वनवासी परिवारों को राहत प्रदान करने के उद्देश्य से समर्पित भाव से कार्य कर रही हैं।

महामंडलेश्वर स्वामी हंसराम उदासीन ने बताया कि ठंड के मौसम में जरूरतमंदों को ऊनी वस्त्र उपलब्ध कराना ही इस अभियान का मुख्य उद्देश्य है। साथ ही समाज में सेवा, सहयोग और मानवता के मूल्यों को सुदृढ़ करने की दिशा में यह एक सतत प्रयास है। उन्होंने कहा कि भविष्य में भी इस प्रकार के सेवा कार्य निरंतर जारी रहेंगे। इस अवसर पर संत मायाराम, संत राजाराम, संत गोविंदराम, ब्रह्मचारी इंद्रदेव, कुनाल, सिद्धार्थ, मिहिर सहित अनेक संतजन एवं सेवाभावी कार्यकर्ता उपस्थित रहे। वहीं राजस्थान वनवासी कल्याण परिषद से रामप्रकाश अग्रवाल, जिला सचिव कैलाश नंदावत, जिला उपाध्यक्ष भागचंद बाहेती, महिला नगर अध्यक्ष मनीषा जाजू, महिला संरक्षिका पल्लवी वच्छानी, नगर अध्यक्ष गणेश काबरा, विवेकानंद केंद्र कन्याकुमारी से भगवान सिंह, प्रतिमा गर्ग, किरण दीदी, सत्यम शर्मा, बलराज आचार्य,

विभाग संघचालक चाँदमल सोमानी,लघु उद्योग भारती के प्रदेश संयुक्त महामंत्री रवीन्द्र जाजू, हेमंत वच्छानी, मुस्कान फाउंडेशन से जय गुरनानी, कन्हैया जगत्यानी, दीपक मेहता, राजू कीर, पुखराज कीर, सुरेंद्र खाती, सांवर कीर, हीरालाल गुरनानी, अम्बालाल नानकानी, ईश्वर आसनानी, हरीश राजवानी, मयंक एवं अमित खत्री सहित बड़ी संख्या में गणमान्यजन उपस्थित थे।

सेवा ही सच्ची साधना: जरूरतमंदों के लिए संबल बना सर्दी राहत अभियान

महामंडलेश्वर स्वामी हंसराम उदासीन ने कहा कि हरी शेवा उदासीन आश्रम सनातन मंदिर द्वारा संचालित सर्दी से राहत का यह महाअभियान जरूरतमंद परिवारों के लिए संबल का कार्य कर रहा है। उन्होंने बताया कि इस प्रकार के सेवा कार्य समाज में करुणा, सेवा और सहयोग की भावना को मजबूत करते हैं तथा मानवता के मूल्यों को सुदृढ़ करने में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। स्वामी हंसराम उदासीन ने कहा कि सेवा ही सच्ची साधना है और समाज के अंतिम व्यक्ति तक सहायता पहुंचाना ही इस अभियान का उद्देश्य है। उन्होंने विश्वास व्यक्त किया कि आने वाले समय में भी ऐसे सेवा कार्य निरंतर जारी रहेंगे और अधिक से अधिक जरूरतमंदों को लाभ मिलेगा।

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