भारत विकास परिषद: उत्तर पश्चिम क्षेत्र ने सदस्यता में गाड़े सफलता के झंडे, देशभर में बना नंबर वन

भीलवाड़ा ।भारत विकास परिषद के उत्तर पश्चिम क्षेत्र ने सत्र 2025-26 में अपनी कर्तव्यनिष्ठा और समर्पित संकल्प से सफलता के नए आयाम स्थापित किए हैं। क्षेत्रीय महासचिव सीए संदीप बाल्दी ने इस उपलब्धि की घोषणा करते हुए बताया कि उत्तर पश्चिम क्षेत्र ने इस वर्ष 10% सदस्यता वृद्धि के लक्ष्य को सफलतापूर्वक पूरा कर लिया है। इस वृद्धि के साथ क्षेत्र की कुल सदस्यता अब 16,845 के गौरवशाली आंकड़े पर पहुँच गई है, जो पिछले वर्ष 15,300 थी।

यह पूरे देश के लिए एक मिसाल है क्योंकि उत्तर पश्चिम क्षेत्र न केवल देश में सर्वाधिक सदस्यता वाला क्षेत्र बन गया है, बल्कि यह पूरे भारत का इकलौता ऐसा क्षेत्र है जिसने निर्धारित 10% वृद्धि के लक्ष्य को हासिल किया है। इस सत्र की महत्वपूर्ण उपलब्धियों में 15 नई शाखाओं का गठन और 10 निष्क्रिय शाखाओं को पुनर्जीवित करना शामिल रहा। संगठन की मजबूती का अंदाजा इसी बात से लगाया जा सकता है कि कई शाखाओं की सदस्य संख्या अब 40 के पार पहुँच चुकी है।

प्रांतवार प्रदर्शन पर नजर डालें तो क्षेत्र के चार प्रांतों ने 2500 से अधिक सदस्यों का आंकड़ा पार कर संगठन को गौरवान्वित किया है। इसमें मध्य प्रांत 3267 सदस्यों के साथ अग्रणी रहा, जिसके बाद उत्तर पूर्व प्रांत में 3053, पश्चिम प्रांत में 2730 और दक्षिण पूर्व प्रांत में 2538 सदस्य दर्ज किए गए। इसके अलावा दक्षिण प्रांत में 1907, पूर्व प्रांत में 1700 और उत्तर प्रांत में 1650 सदस्यों की सक्रिय भागीदारी रही। सभी प्रांतों में पिछले वर्ष की तुलना में हुई यह वृद्धि परिषद के बढ़ते प्रभाव को दर्शाती है।

सीए संदीप बाल्दी ने इस स्वर्णिम सफलता के लिए विशेष रूप से क्षेत्रीय एवं प्रांतीय वित्त सचिव व संगठन सचिव सहित सभी राष्ट्रीय, क्षेत्रीय और प्रांतीय दायित्वधारियों का आभार व्यक्त किया है। उन्होंने विश्वास जताया कि परिषद के कार्यकर्ताओं के इन समर्पित प्रयासों से उत्तर पश्चिम क्षेत्र 'स्वस्थ-समर्थ-संस्कारित भारत' के निर्माण के महायज्ञ में निरंतर अपनी सर्वश्रेष्ठ आहुति देता रहेगा।

Next Story