आजाद चौक में नाजायज अतिक्रमण और पार्किंग पर कब्जा हटवाने की मांग, बाजार रखा बन्द, जिला कलेक्टर कार्यालय पर प्रदर्शन कर सौंपा ज्ञापन
भीलवाड़ा। शहर में अति व्यस्ततम आजाद चौक में थेले वालों और केबीनदारियों ने अरबों रुपए की ज़मीन पर कब्जा कर रखा है। इस मामले में नगर निगम विभाग कोई ध्यान दे रहा है। यहां से इन अतिक्रमणकर्ताओं को हटवाया जाए ताकि पार्किंग व्यवस्था सुव्यवस्थित हो सके। नगर निगम द्वारा यहां पार्किंग के बोर्ड लगाए गए हैं, लेकिन थेले वालों को किसी राजनीतिज्ञ की शह पर पनाह दी गई है। अतः इन सभी को तत्काल हटवाया जाए और पार्किंग स्थल पर गाड़ियों की पार्किंग करवाई जाए। इस संबंध में दोपहर एक बजे तक आजाद चौक में यहां के निवासियों व व्यापारी एसोसिएशन ने दुकानें बन्द रखकर विरोध जताया और जिला कलेक्टर कार्यालय पर प्रदर्शन कर ज्ञापन सौपा गया। उन्होंने चेतावनी दी कि जब तक अतिक्रमण नहीं हटेगा तक बाजार बन्द रखकर विरोध जताया जाएगा। थेले वाले और केबीनदारियाँ यहां पिछले कई वर्षों से कब्जा किए हुए हैं और नाजायज तरीके से इस जगह को अन्य लोगों को बेच भी देते हैं। लोग यहां नाजायज किराया भी वसूल रहे हैं। यह नाजायज खरीद-फरोख्त तुरंत जांच कर बंद कराई जाए।
व्यापारियों एवं यहां के रिहायशी वालों का जीना दुश्वार हो गया है। इन अतिक्रमणों और नाजायज खरीद-फरोख्त के कारण आने वाले समय में अपराध बढ़ने की संभावना है। यहां के निवासियों का कहना है कि स्कूल भी आजाद चौक में अतिक्रमण के कारण नहीं पहुंच पाती है। अभिभावकों को दूर तक जाकर बच्चों को स्कूल बस से लाना ले जाना पड़ता है।
प्रशासन और नगर निगम अधिकारियों से सवाल है कि आपके द्वारा चिन्हित जगह पर पार्किंग बोर्ड लगाने के बावजूद थेले वालों और केबीनदारियों द्वारा नाजायज वसूली के खिलाफ कार्यवाही क्यों नहीं की जा रही? क्या किसी राजनीतिज्ञ या रसूखदार का इस क्षेत्र में दबदबा है? भीलवाड़ा के आम नागरिक की व्यवस्था को क्यों कुचला जा रहा है? यहां आम नागरिकों की कोई पुख्ता सुरक्षा व्यवस्था नहीं है। नगर निगम इस विषय पर संज्ञान लेकर कार्यवाही कराएं।
ट्रैफिक व्यवस्था की अनदेखी से अक्सर जाम लगता है। यहां 30 से 40 हजार की संख्या में लोग खरीदारी के लिए आते हैं। प्रशासन ने न जाने किसके दबाव में थेले वालों को पार्किंग की जगह व्यवस्थित कर रखा है।
नगर निगम इस ओर ध्यान दें ताकि ट्रैफिक व्यवस्था सुचारू रूप से चलती रहे और आजाद चौक को वनवे किया जाए ताकि ट्रैफिक का दबाव कम हो सके। यहां के निवासियों एवं व्यापारियों ने नगर निगम अधिकारी एवं संबंधित अधिकारी/कर्मचारी किसी प्रभावशाली व्यक्ति द्वारा राजनीतिक दबाव को न स्वीकार कर आम जनता को राहत दिलवाएं। यहां के निवासीगण और समस्त दुकानदारों प्रशासन से मांग की है कि आप इस पर तत्काल कार्यवाही करें और 45 वर्षों से अवैध कब्जाधारी थेले वालों और केबीन वालों को यहां से हटवाएं।
