भीलवाड़ा में फातिमा वेलफेयर ट्रस्ट का तालीमी कार्यक्रम, शिक्षा जागरूकता और बालिका सशक्तिकरण पर दिया गया जोर

भीलवाड़ा - फातिमा वेलफेयर ट्रस्ट द्वारा भीलवाड़ा स्थित गजाधर मानसिंहका धर्मशाला में एक भव्य तालीमी (शैक्षिक) प्रोग्राम का आयोजन किया गया। कार्यक्रम का मुख्य उद्देश्य समाज में शिक्षा के प्रति जागरूकता लाना और युवाओं व बालिकाओं को सशक्त बनाना रहा।
कार्यक्रम का आगाज़ मुख्य अतिथि जगदीश मानसिंहका ने दीप प्रज्वलित कर किया। उन्होंने इसे ’इल्म की रोशनी’ और समाज में वैचारिक परिवर्तन का प्रतीक बताया।
समाजसेवी रियाज़ ख़ान ने युवाओं में जोश भरते हुए कहा, ’’सपने वो नहीं होते जो नींद में देखे जाते हैं, बल्कि सपने वो होते हैं जो आपकी मंज़िल को साकार करने के लिए आपको सोने नहीं देते।’’
समाजसेवी याकूब साहब ने अपने संबोधन में कहा कि तालीम ही समाज को सशक्त बनाने की असली कुंजी है और यही किसी भी देश या समाज की तरक्की की बुनियाद है।
कार्यक्रम के दौरान डॉ. ज़ाकिर हुसैन तंवर एवं ज़ुबैर अहमद छिपा ने पावर पॉइंट प्रेज़ेंटेशन के माध्यम से ट्रस्ट की गतिविधियों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि ट्रस्ट वर्तमान में किन परियोजनाओं पर काम कर रहा है और भविष्य में शिक्षा को लेकर उनकी क्या योजनाएं हैं।
सीबीईओ मैडम साबिया ने बालिका शिक्षा की अनिवार्यता पर विशेष बल दिया। उन्होंने स्पष्ट किया कि - ’’बिना महिला सशक्तिकरण और शिक्षित बेटियों के, एक स्वस्थ और उन्नत समाज की कल्पना करना नामुमकिन है।’’
अकरम छिपा ने सभी ’मेहमान-ए-खुसूसी’ (विशिष्ट अतिथियों) का गर्मजोशी से स्वागत किया।
एपीसी असलम पठान, सीबीईओ खुर्शीदा ख़ान एवं एस.ई. मतीनुद्दीन शेख ने भी शिक्षा के महत्व पर अपने विचार साझा किए।
पीसीसी अध्यक्ष एवं समाजसेवी जनाब याक़ूब साहब ने ट्रस्ट के प्रयासों की सराहना करते हुए हर संभव सहयोग का आश्वासन दिया।
कार्यक्रम का सफल संचालन नूर इलाही पठान द्वारा किया गया। अंत में जनाब सलीम रज़ा ने सभी आगंतुक मेहमानों और शहर के गणमान्य नागरिकों का आभार व्यक्त किया। इस अवसर पर बड़ी संख्या में शिक्षाविद और समाज सेवी उपस्थित रहे।
