प्राइवेट बसों और टैक्सियों की हड़ताल जारी, 1800 वाहन रहे बंद
भीलवाड़ा। परिवहन विभाग की कार्रवाई के विरोध में प्रदेश भर में दूसरे दिन भी प्राइवेट बसों और टैक्सियों की हड़ताल जारी रही। भीलवाड़ा जिले में करीब 1800 प्राइवेट बसें और टैक्सियां आज भी सड़कों पर नहीं उतरीं, जिससे यात्रियों को खासी परेशानी का सामना करना पड़ा।
हड़ताल के तहत प्राइवेट बस संचालक प्राइवेट बस स्टैंड पर एकत्र हुए। यहां से बस ऑपरेटर एसोसिएशन, मोटर बॉडी एसोसिएशन, निजी बस एसोसिएशन वेलफेयर सोसायटी, भीलवाड़ा जिला स्लीपर कोच एसोसिएशन और टैक्सी एसोसिएशन सहित विभिन्न संगठनों के सदस्यों ने संयुक्त रूप से रैली निकाली। रैली सूचना केंद्र और रेलवे स्टेशन मार्ग से होते हुए कलेक्ट्रेट पहुंची।
बस ऑपरेटर एसोसिएशन के प्रदेश प्रवक्ता जगदीश चंद्र ओझा ने बताया कि मुख्यमंत्री के नाम नौ सूत्रीय ज्ञापन एडीएम सिटी प्रतिभा देवठिया को सौंपा गया। ज्ञापन में आरसी सस्पेंड नहीं करने, गलत चालान नहीं बनाने, पुरानी बसों पर ओवरलोडिंग या सेफ्टी नियमों के उल्लंघन में धारा 153 नहीं लगाने, सवारियों से भरी बसों को रास्ते में खाली नहीं कराने तथा बसों और टैक्सियों में लगेज कैरियर पुनः लगाने की अनुमति देने जैसी मांगें शामिल हैं।
इस दौरान विशाल सुखवाल, देवीलाल जांगिड़, कलीम काजी, मनोज पारीक, राजेंद्र मोगरा, नगर निगम के निवर्तमान नेता प्रतिपक्ष धर्मेंद्र पारीक, पीसीसी मेंबर मनोज पालीवाल सहित अन्य सदस्य मौजूद रहे। हड़ताल जारी रहने से आमजन और यात्रियों को वैकल्पिक साधनों का सहारा लेना पड़ा।
