पंच कुण्डीय विष्णु महायज्ञ की भस्मी समुद्र नारायण भगवान में विसर्जित

भीलवाड़ा |श्री हरिशेवा उदासीन आश्रम सनातन मंदिर, भीलवाड़ा में विगत 19 से 26 फरवरी तक सनातन मंगल महोत्सव और दीक्षा दान समारोह अष्टदिवसीय कार्यक्रम के दौरान श्रीमद्भागवत महापुराण कथा, 108 श्रीमद्भागवत महापुराण पारायण, श्रीमद्भागवत गीता अखंड पाठ, श्री रामचरितमानस अखंड पाठ, चंद्र सिद्धांत सागर अखंड पाठ, अखंड महामंत्र कीर्तन और पंचकुंडीय विष्णु महायज्ञ का आयोजन निर्विघ्न सम्पन्न हुआ।
इस अष्टदिवसीय महोत्सव का ध्वजा विसर्जन दि.04 फरवरी 2026 को श्री गणेश पूजन, संतजन, विप्रजन और भक्तों भंडारे के साथ सम्पन्न हुआं आश्रम प्रांगण में सम्पन्न हुआ ।
आज दि. 07 मार्च 2026 को सनातन मंगल महोत्सव के पंच कुण्डीय विष्णुमहायज्ञ की भस्म विधिवत पूजन अर्चन अभिषेक आदि कर गोवा के कोंडलिम तट पर सागर के जल में वरुणदेव को समर्पित की गईं। इस अवसर आज प्रातःकाल अखिल भारतीय सिंधु संत समाज ट्रस्ट के महापुरुषों के साथ हरिनाम संकीर्तन यात्रा निकाली गई। सभी संत "श्रीराम जय राम जय जय राम" श्रीमन नारायण नारायण" श्री कृष्ण गोविंद हरे मुरारी हे नाथ नारायण वासुदेव और हरे कृष्णा महामंत्र का कीर्तन करते हुए सागर किनारे पहुंचे। समुद्र तट पर पहुंचते ही उपस्थित सभी संत महापुरुषों का माल्यार्पण कर अभिनंदन किया गया। तत्पश्चात कलश पूजन, वरुण देव पूजन, कन्या पूजन विधिवत आरती प्रार्थना करके यज्ञ भस्मी-कलश विसर्जित किया गया।
इस अवसर पर प्रमुख रूप से महामंडलेश्वर स्वामी हंसराम (भीलवाड़ा), अध्यक्ष महंत खिमियादास जी (सतना), महंत अर्जनदास (उल्हासनगर), उपाध्यक्ष महंत स्वरूपदास (अजमेर), महंत हनुमानराम (पुष्कर), महंत आसनदास (उल्हासनगर), संरक्षक महंत श्यामदास (किशनगढ़) महामंत्री स्वामी हंसदास (रीवा), स्वामी गुलराज (जयपुर), स्वामी तुलसीदास (भोपाल), महंत अर्जुनदास (अजमेर), साध्वी परमानंदा (गोधरा),स्वामी अमरलाल (राजकोट), स्वामी सरुपदास (रीवा) संत संतदास (इंदौर) संत नारायणदास (कोटा) संत केशवराम (भीलवाड़ा) सहित सैकड़ों श्रद्धालु भक्त सम्मिलित हुए।
