स्किन पर आई झुर्रियों को कम करेगा घर का यह मसाला, चेहरे की चमक को रखेगा बरकरारc

त्वचा की देखभाल में किचन की बहुत सी चीजें इस्तेमाल की जाती हैं. ये चीजें प्राकृतिक होती हैं और त्वचा पर निखार लाने में मदद करती हैं. वहीं, अगर झुर्रियों की बात की जाए तो झुर्रियों को हल्का करने में भी रसोई का एक मसाला काम आ सकता है. असल में इस मसाले में पाए जाने वाले एंटीऑक्सीडेंट्स त्वचा पर कोलेजन उत्पादन को बढ़ाने में मदद करता हैं, जो कि स्किन पर आई झुर्रियों को कम होती हैं. यह मसाला है, जायफल. आज हम इस आर्टिकल में जानेंगे की जायफल को किस तरह इस्तेमाल करने पर झुर्रियां कम हो सकती हैं. आइये जानते है.
झुर्रियों को कम करने के लिए जायफल का इस्तेमाल और फायदे
जायफल सिर्फ त्वचा संबंधित ही नहीं बल्कि शारीर संबंधी समस्याओं के लिए बहुत फायदेमंद होती है. लेकिन यह त्वचा संबंधी समस्याओं के लिए ज्यादा फायदेमंद है क्योंकि इसमें एंटी-बैक्टीरियल, एंटी-इंफ्लेमेटरी और एंटीऑक्सीडेंट गुण पाए जाते हैं। जो दाग-धब्बे, पिंपल्स, झाइयां, रूखी त्वचा और झुर्रियों आदि को ठीक करने में मदद करते है. इसके इस्तेमाल से झुर्रियां, फाइन लाइंस और माथे पर बनने वाली टेढ़ी-मेढ़ी लकीरें कम हो जाती है.
झुर्रियों को कम करने के लिए जायफल का फेस पैक बनाकर लगाया जा सकता है. इसके लिए जायफल के पाउडर में दही और शहद को मिलाकर फेस पैक तैयार कर लें. इस फेस पैक को चेहरे पर आधा घंटा लगाकर रखें, बाद में धोकर हटा लें. इसे हफ्ते में 2 से 3 बार इस्तेमाल करके इसके फायदे को देखा जा सकता है.
त्वचा के लिए जायफल के फायदे और इस्तेमाल
पिंपल्स और दाग-धब्बों के लिए– 1 चम्मच जायफल के पाउडर में थोड़ा सा शहद मिलाकर इसे चेहरे पर अच्छी तरह से लगाएं और 15 मिनट बाद धो लें. यह पिंपल्स को सुखाने में और दागों को हल्का करने में मदद करेगा.
झाइयां और डार्क स्पॉट्स के लिए– जायफल के पाउडर को कच्चे दूध या गुलाब जल में मिलाकर एक पेस्ट बना लें. इसे उन जगहों पर लगाएं जहां डार्क स्पॉट्स या झाइयां हों और 20 मिनट बाद धो लें. यह स्किन को चमकदार बनाने में मददगार साबित होता है.
ड्राई स्किन के लिए – जायफल पाउडर को एलोवेरा जेल या नारियल के तेल में मिलाकर चेहरे पर लगाएं, क्योंकि यह त्वचा को नमी देता है जिससे रूखेपन से छुटकारा मिल जाता है.
सावधानियां– जायफल बहुत ही ज्यादा शक्तिशाली होता है,क्योंकि इसमें खास प्राकृतिक तत्व होते हैं जो शरीर और दिमाग पर असर डालते हैं. यह पाचन ठीक करता है, तनाव कम करता है, खून का संचार बढ़ाता है. साथ ही, यह शरीर को गर्मी देता है और बैक्टीरिया से बचाव करता है. इसलिए इसे आयुर्वेद और दवाइयों में उपयोग किया जाता है. इसलिए इसका इस्तेमाल कम मात्रा में करना चाहिए. अगर पहली बार इस्तेमाल कर रहे हैं, तो पहले अपने हाथों पर टेस्ट करें ताकि किसी तरह की कोई जलन या एलर्जी तो नहीं हो रही है. इस बात का खास ध्यान रखें. इसे हफ्ते में 2-3 बार से ज्यादा इस्तेमाल न करें.
इसको अपने स्किन केयर रूटीन में जरूर से फॉलो करें और पाएं एक चमकती, निखरती, बिना दाग-धब्बों वाली, बिना झुर्रियों और झाइयों वाली ग्लो करती स्किन.
