जेण्डर संवेदनशीलता विषय पर आमुखीकरण कार्यशाला

उदयपुर, । महिला अधिकारिता विभाग तथा महिला एवं बाल विकास विभाग के तत्वावधान में कालीबाई भील महिला एवं बाल विकास शोध संस्थान की ओर से जेंडर संवेदनशीलता मॉडयूल परस्पर बातचीत और चर्चा पर दो दिवसीय जेण्डर संवेदनशीलता आमुखीकरण कार्यशाला हरिशचन्द्र माथुर राजस्थान राज्य लोक प्रशासन संस्थान में महिला अधिकारिता विभाग उपनिदेशक संजय जोशी की उपस्थिति में हुई। जतन संस्था के निदेशक डॉ. कैलाश बृजवासी, प्रशिक्षण प्रबंधक मरुधर सिंह, प्रशिक्षण जतन देवांश पांडे द्वारा जेंडर संवेदनशीलता का सेशन लिया गया। प्रोफेसर जेण्डर संवेदनशीलता विषय पर आमुखीकरण कार्यशाला गायत्री तिवारी मेडम, भूतपूर्व प्रचेता मंजु चौबीसा उपस्थित रहे।
संचालन महिला अधिकारिता से जेंडर स्पेशलिस्ट विमला वीरवाल द्वारा किया गया। कार्यशाला में जेंडर संवेदनशीलता का उद्देश्य समाज में सभी लिंगों (महिला, पुरुष और अन्य जेंडर पहचान) के प्रति सम्मान, समानता और समझ को बढ़ावा देना है। सभी जेंडर के साथ समान व्यवहार सुनिश्चित करना, भेदभाव, रूढ़ियों स्टेरेओटाइप्स और असमानता को कम करना शिक्षा, स्वास्थ्य, रोजगार और निर्णय.निर्माण में समान अवसर देना। महिलाओं और अन्य जेंडर समूहों के खिलाफ हिंसा और उत्पीड़न को रोकना, एक न्यायपूर्ण, सुरक्षित और समावेशी समाज का निर्माण करना है। कार्यशाला में सभी डिपार्टमेंट से एवं महिला अधिकारिता से सुपरवाइजर, ग्राम साथीन डीएचईडब्ल्यू से मल्टी.टास्किंग स्टाफ, पन्नाधाय सुरक्षा एवं सम्मान केंद्र परामर्शदाता महिला सुरक्षा एवं सलाह केंद्र से परामर्शदाता ने कार्यशाला में भाग लिया।
