प्रभारी मंत्री ने ली जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक: जनकल्याणकारी योजनाओं की प्रभावी मॉनिटरिंग के दिए निर्देश

चित्तौड़गढ़, ।प्रभारी मंत्री ने जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक ली जन कल्याणकारी योजनाओं की प्रभावी मॉनिटरिंग के निर्देशराज्य सरकार द्वारा जिलों के समग्र विकास, सेवा वितरण की गुणवत्ता तथा जनकल्याणकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन को सुनिश्चित करने के उद्देश्य से जिला प्रभारी मंत्री डॉ. मंजू बागमार की अध्यक्षता में गुरुवार को जिला परिषद सभागार में जिला स्तरीय अधिकारियों की बैठक आयोजित की गई। इस दौरान प्रभारी सचिव वी. सरवन कुमार भी उपस्थित रहे।
बैठक में जिला कलक्टर आलोक रंजन ने जिले की समग्र स्थिति से अवगत कराते हुए विभिन्न बिंदुओं पर विस्तृत जानकारी प्रस्तुत की।
प्रभारी मंत्री ने अधिकारियों को योजनाओं की नियमित मॉनिटरिंग एवं समयबद्ध क्रियान्वयन सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।
प्रभारी मंत्री ने ग्रीष्मकालीन पेयजल व्यवस्था की विशेष समीक्षा करते हुए समर कंटींजेंसी प्लान की तैयारियों, पेयजल आपूर्ति की स्थिति, टैंकर प्रबंधन, वैकल्पिक जल स्रोतों की उपलब्धता, जल संकट संभावित क्षेत्रों की पूर्व तैयारी तथा खराब हैण्डपंप एवं नलकूपों की मरम्मत एवं नए स्रोतों के विकास के संबंध में आवश्यक दिशा-निर्देश दिए।
उन्होंने वर्ष 2024-25 एवं 2025-26 की बजट घोषणाओं की प्रगति की समीक्षा करते हुए लंबित कार्यों को शीघ्र पूर्ण करने के निर्देश दिए। साथ ही वर्ष 2026-27 की बजट घोषणाओं हेतु भूमि आवंटन, बाधाओं के समाधान एवं वैकल्पिक भवन चिन्हीकरण पर भी चर्चा की गई।
बैठक में पंच गौरव कार्यक्रम, वन डिस्ट्रिक्ट वन प्रोडक्ट (ODOP) योजना, TSP/SCSP निधियों के उपयोग एवं स्थानीय स्तर पर रोजगार सृजन की स्थिति की समीक्षा की गई। अधिकारियों को योजनाओं का लाभ लक्षित वर्गों तक प्रभावी रूप से पहुंचाने के निर्देश दिए गए।
संपर्क पोर्टल पर प्राप्त परिवेदनाओं के निस्तारण तथा नागरिक सेवाओं से संबंधित लंबित प्रकरणों जैसे बोनाफाइड, ईडब्ल्यूएस, जाति प्रमाण-पत्र एवं छात्रवृत्ति आदि के समयबद्ध समाधान सुनिश्चित करने के निर्देश भी दिए गए।
इसके अलावा राज्य स्तर पर लंबित मुद्दों, फ्लैगशिप योजनाओं की प्रगति, नमो नर्सरी की तैयारियों, विद्यालय भवनों की स्थिति एवं मरम्मत कार्य, “राइजिंग राजस्थान” के अंतर्गत हुए एमओयू, एलपीजी आपूर्ति से संबंधित मुद्दों तथा जिला स्तरीय विशेष समस्याओं पर भी विस्तार से चर्चा की गई।
प्रभारी मंत्री ने अधिकारियों से अपेक्षा की कि वे सभी बिंदुओं की गहन समीक्षा करते हुए प्रभावी कार्ययोजना बनाएं तथा नियमित निरीक्षण के पश्चात संक्षिप्त प्रतिवेदन राज्य सरकार को प्रेषित करें।
बैठक के उपरांत प्रभारी मंत्री, प्रभारी सचिव, विधायक एवं जिला कलक्टर ने कलक्ट्रेट परिसर में राजस्थान दिवस के अवसर पर आयोजित चित्तौड़गढ़ दुर्ग की गौरवशाली संस्कृति एवं सौंदर्य पर आधारित प्रदर्शनी का अवलोकन किया।
बैठक में चित्तौड़गढ़
विधायक चंद्रभान सिंह आक्या, कपासन विधायक अर्जुनलाल जीनगर, अतिरिक्त जिला कलक्टर (प्रशासन) प्रभा गौतम, पुलिस अधीक्षक मनीष त्रिपाठी, डीएफओ (वन) एवं डीएफओ (वन्यजीव), सीईओ जिला परिषद विनय पाठक, नगर परिषद आयुक्त रविंद्र मेघवाल (प्रशिक्षु आईएएस),
अतिरिक्त जिला कलक्टर रामचंद्र खटीक, अतिरिक्त मुख्य कार्यकारी अधिकारी राकेश पुरोहित, कोषाधिकारी दिग्विजय सिंह झाला, यूआईटी सचिव कैलाश गुर्जर, नगर परिषद से कृष्ण गोपाल माली, उपखंड अधिकारी बीनू देवल, रतन गाडरी सहित समस्त जिला स्तरीय अधिकारी उपस्थित रहे।
