उड़ीसा से राजस्थान लाया जा रहा तीन करोड़ का गांजा मय ट्रक पकड़ा, टोंक डीएसटी की बड़ी कार्रवाई

टोंक|टोंक जिले में नशे के खिलाफ बड़ी कार्रवाई करते हुए डीएसटी टीम ने उड़ीसा से राजस्थान लाया जा रहा करीब तीन करोड़ रुपये कीमत का गांजा मय ट्रक पकड़ा है। यह गांजा प्रदेश के तीन जिलों में सप्लाई किया जाना था। कार्रवाई शुक्रवार देर रात के बाद करीब तीन बजे देवली डीएसपी कार्यालय के सामने जयपुर कोटा नेशनल हाईवे 52 पर की गई।
डीएसटी टीम को मुखबिर से सूचना मिली थी कि एक ट्रक में भारी मात्रा में गांजा लेकर तस्कर उड़ीसा से राजस्थान की ओर आ रहे हैं। सूचना के आधार पर हाईवे पर नाकाबंदी करवाई गई। इसी दौरान संदिग्ध ट्रक को रोकने का प्रयास किया गया, लेकिन पुलिस को देखकर चालक ट्रक को देवली बायपास से टोंक की ओर भगाने लगा। टीम ने ट्रक का पीछा कर देवली डीएसपी ऑफिस के सामने उसे रुकवाया।
ट्रक की तलाशी लेने पर उसमें कट्टों में भरा करीब 500 किलो गांजा बरामद हुआ। जब्त गांजे और ट्रक की कुल कीमत करीब तीन करोड़ रुपये आंकी गई है। पूछताछ में ट्रक में सवार दोनों व्यक्ति संतोषजनक जवाब नहीं दे सके, जिसके बाद उन्हें गिरफ्तार कर लिया गया।
डीएसटी प्रभारी ओमप्रकाश ने बताया कि गांजा उड़ीसा से भरकर लाया गया था और देवली के हनुमान नगर इलाके में पहुंचाया जाना था। प्रारंभिक जांच में सामने आया है कि यहां से इसे छोटे सप्लायरों के माध्यम से भीलवाड़ा, अजमेर और टोंक जिले में खपाया जाना था। इसके बाद अलग अलग हैंडलरों और तस्करों तक इसकी सप्लाई की योजना थी। हनुमान नगर में किसके यहां यह खेप पहुंचनी थी, इसकी जांच की जा रही है।
अपर पुलिस अधीक्षक रतन लाल भार्गव ने बताया कि गिरफ्तार आरोपियों में देवली थाना क्षेत्र के दाता ढाणी निवासी 42 वर्षीय हरिनारायण पुत्र हीरालाल मीणा और बूंदी जिले के हिंडोली थाना क्षेत्र के बासनी निवासी 32 वर्षीय समीर मीणा पुत्र रामकिशन मीणा शामिल हैं। दोनों ट्रक के जरिए गांजा लेकर देवली आ रहे थे और यहां से आसपास के कस्बों व जिलों में सप्लाई करने की तैयारी में थे।
फिलहाल पुलिस दोनों आरोपियों से गहन पूछताछ कर रही है और उनके आपराधिक रिकॉर्ड की जांच की जा रही है। पुलिस यह भी पता लगाने में जुटी है कि इस तस्करी नेटवर्क में और कौन कौन लोग शामिल हैं।
