धर्मनगरी उदयपुर से सम्मेद शिखरजी की तीर्थ यात्रा के लिए 35 महिला सदस्यों का दल रवाना

उदयपुर। धर्मनगरी उदयपुर से दशा नागदा समाज द्वारा संचालित प्रगति महिला मंच के तत्वावधान में 35 सदस्यों का दल जैन धर्म के सबसे बड़े तीर्थ सम्मेद शिखर की तीर्थ यात्रा के लिए उदयपुर से ट्रेन से रवाना हुआ। महिला मंच की अध्यक्ष मंजु गदावत ने बताया कि आचार्य अभिनंदन सागर महाराज की सुयोग्य सुशिष्या, बाल योगिनी जिनवाणी सेवा चन्द्रिका, धर्मप्रभाविका, वात्सल्य मूर्ति आर्यिका प्रसन्नमति माताजी की पावन प्रेरणा से आयोजित की गई। जैन समाज के सर्वोच्च एवं अति पावन तीर्थ स्थल सम्मेद शिखरजी की भव्य तीर्थ यात्रा श्रद्धा एवं उल्लास के साथ संपन्न होने जा रही है। यह यात्रा जैन धर्म की आत्मिक साधना, त्याग, तप और मोक्ष मार्ग की भावना को सुदृढ़ करने वाली मानी जाती है।
मंदिर ट्रस्ट अध्यक्ष भंवर लाल गदावत ने जानकारी देते हुए बताया कि इस पुण्य आयोजन का सफल संचालन प्रगति महिला मंच की अध्यक्ष मंजु गदावत के नेतृत्व में किया गया। उनके मार्गदर्शन में मंच की सभी महिलाओं को संवेग भावना के साथ सम्मेद शिखरजी की यात्रा पर पुरा दल रवाना हुआ। इस पावन यात्रा में 35 महिलाएं सम्मिलित हैं, जिन्होंने यात्रा के दौरान संयम, नियम, जप-तप, स्वाध्याय एवं प्रभु भक्ति के भाव को आत्मसात किया। यात्रा के माध्यम से महिलाओं में धार्मिक चेतना, आत्मिक अनुशासन एवं सामाजिक एकता का भाव प्रबल हुआ। प्रगति महिला मंच द्वारा आयोजित यात्रा में धर्म के साथ-साथ महिला सशक्तिकरण, संस्कार संरक्षण एवं समाज में आध्यात्मिक मूल्यों के प्रचार-प्रसार की दिशा में एक अनुकरणीय पहल भी है।
