अरावली पर्वतमाला उदयपुर का आभूषण : फत्तावत

उदयपुर, । सामाजिक संगठन भारतीय जैन संघटना उदयपुर की ओर से वर्ष 2026 की शुरुआत ‘चलो प्रकृति की ओर’ थीम पर पहली टे्रकिंग का आयोजन संस्थान के मुख्य संरक्षक राजकुमार फत्तावत के नेतृत्व में किया गया।
फत्तावत ने बताया कि बीजेएस द्वारा समय-समय पर ऐसे कई कार्यक्रम आयोजित किए जाते रहे है। उन्होंने अरावली पर्वतमाला का संरक्षण का संदेश देते हुए कहां कि अरावली पर्वत माला उदयपुर का वरदान एवं आभूषण है। वन संरक्षण, जल संरक्षण प्रकृति का संरक्षण प्रत्येक नागरिक का कर्तव्य है।
बीजेएस अध्यक्ष दीपक सिंघवी ने बताया कि अंतर्गत संगठन के सदस्य परिवारों द्वारा कालिका माता मंदिर पर ट्रैकिंग और परस्पर मेल जोल का कार्यक्रम संपादित किया गया। भारतीय जैन संघटना उदयपुर के सदस्यों द्वारा प्रात:काल की बेला में दूध तलाई के आगे स्थित कालिका माता मंदिर पर ट्रैकिंग प्रारंभ हुई। माताजी के जयकारों ने पूरे क्षेत्र को गुंजायमान कर दिया। माताजी मंदिर पहुंच माताजी की सामूहिक आरती में भाग लिया और माताजी के भजनों से भक्ति की गई। देशभक्ति और माताजी के गीतों पर आधारित गेम्स का आयोजन किया गया जिसमें सभी सदस्यों ने बढ़ चढ़कर भाग लिया। गेम्स में भूपेंद्र जैन और नेहा कोठारी विजेता रहे जिन्हें पारितोषिक दिया गए। संघटना में इस वर्ष बने नए सदस्य दंपति का स्वागत किया गया। वर्ष भर के कार्यक्रमों की जानकारी दी गई।
शब्दों द्वारा स्वागत अध्यक्ष दीपक सिंघवी द्वारा तथा आभार लेडिज विंग अध्यक्ष मीना कावडिय़ा द्वारा ज्ञापित किया। इस अवसर पर कार्यकारी अध्यक्ष भूपेन्द्र गजावत, महामंत्री जितेन्द्र सिसोदिया, कोषाध्यक्ष वीरेन्द्र महात्मा, लेडिज विंग महामंत्री नीतू गजावत सहित संगठन के 200 से अधिक सदस्यों ने भाग लिया।
