राक्षी में उमड़ा आस्था का सैलाब: नवनिर्मित रामद्वारा के उद्घाटन पर नानी बाई रो मायरो संपन्न

बनेड़ा (हेमराज तेली) क्षेत्र के राक्षी गांव में भक्ति, सेवा और एकता का एक अनूठा संगम देखने को मिला। अवसर था नवनिर्मित रामद्वारा के भव्य उद्घाटन का, जिसे यादगार बनाने के लिए तीन दिवसीय नानी बाई रो मायरो महोत्सव का आयोजन किया गया। यह महोत्सव न केवल धार्मिक अनुष्ठान, बल्कि सामाजिक समरसता का भी एक जीवंत उदाहरण बनकर उभरा। जगतगुरु ने दिया गौ-सेवा और संस्कारों का संदेश, कार्यक्रम के मुख्य आकर्षण जगतगुरु आचार्य रामदयाल महाराज रहें। उन्होंने अपने ओजस्वी प्रवचनों से पंडाल में मौजूद विशाल जनसमूह को मंत्रमुग्ध कर दिया। महाराज ने धर्म और संस्कारों के साथ-साथ गौ-संरक्षण और जनसेवा को जीवन का मूल आधार बताया। उनकी वाणी से पूरा क्षेत्र भक्तिमय हो गया। दान और उदारता की मिसाल, महाराज ने केवल उपदेश ही नहीं दिए, बल्कि समाजहित में स्वयं पहल करते हुए उदारता की मिसाल पेश की। उन्होंने राक्षी गौशाला के लिए 21,000 रूपए की सहायता राशि भेंट की। भगवान चारभुजा नाथ मंदिर के नवनिर्माण हेतु 1,25,000 रूपए का दान दिया। उनका यह सहयोग ग्राम विकास और धार्मिक आस्था के प्रति अटूट प्रतिबद्धता को दर्शाता है। महोत्सव के समापन दिवस पर पूर्व मंत्री धीरज गुर्जर अपने समर्थकों के साथ राक्षी पहुँचे। उन्होंने आचार्य का आशीर्वाद प्राप्त किया। इस अवसर पर कार्यक्रम की मुख्य आयोजक और सरपंच मंजु गुर्जर ने पूर्व मंत्री का साफा बंधवाकर और पारंपरिक तरीके से भव्य स्वागत-अभिनंदन किया। ऐतिहासिक सफलता और आभार तीन दिनों तक चले इस महोत्सव में पूरा गांव एक सूत्र में बंधा नजर आया। सुबह से शाम तक चलने वाले भजनों और अनुष्ठानों ने माहौल को आध्यात्मिक ऊर्जा से भर दिया। कार्यक्रम के सफल समापन पर ग्रामीणों ने सभी संतों और अतिथियों का आभार व्यक्त किया।
