video अब तीसरी आंख के पहरे में 200 फीट रिंग रोड

भीलवाड़ा बीएचएन।अब पटरी पार इलाके से गुजर रहा रिंग रोड हर वक्त तीसरी आंख के पहरे में रहेगा। रिंग रोड पर पिछले माह हुई लूट की वारदातों के साथ ही बढ़ती चोरियां और सुरक्षा को मद्देनजर रखते हुए सीसीटीवी कैमरे लगाये हैं।
जानकारी के अनुसार, प्रताप नगर थाना इलाके में भीलवाड़ा बाइपास को जोड़ती 300 फीट रिंग रोड पर 22 नवंबर 23 को सुबह लक्ष्मीपुरा निवासी मोतीसिंह पुत्र चूनसिंह घर से बाहक लेकर विजयदीप फैक्ट्री के लिए निकला था। सुबह करीब साढ़े पांच बजे 200 फीट रोड़ पर आस्था रेजिडेंसी के नजदीक दो बदमाशों ने सरिसे से मोतीसिंह के सिर पर हमला कर दिया। इसके बाद चाकू से सिर में वार किया और मोबाइल, बाइक और पर्स लूट लिया। इसी तरह 24 दिसंबर को नाकोड़ा विहार निवासी महावीर प्रसाद पुत्र बोदूराम कुमावत को फैक्ट्री से घर जाते समय 5.45 बजे आस्था कॉलोनी 200 फीट रोड से गुजरने के दौरान रोड से सटे खंडहर कमरे के पास पहुंचने पर तीन बदमाशों ने उसे रोका और चाकू से ताबड़तोड़ वार कर उसकी बाइक, मोबाइल, चांदी का कड़ा और 4500 रुपये लूट लिये। इनसे पहले भी 3 वारदातें हो चुकी है, जिनमें से दो पीडि़तों ने थाने में रिपोर्ट नहीं दी।
इन वारदातों को अंजाम देने वाले लुटेरे अब तक नहीं पकड़े गये और न ही उनका कोई सुराग लग पाया। बढ़ती वारदातों और लोगों में बढ़ती दहशत के चलते पुलिस ने इस रूट पर गश्त लागू कर अस्थाई चौकी स्थापित की। इस मार्ग से गुजरने वाले लोगों पर नजर रखने के लिए पुलिस ने रिंग रोड पर स्थित चार रास्तों पर बैरियर के साथ ही सीसी टीवी कैमरे भी लगाये हैं। इनके जरिये पुलिस 24 घंटे इस मार्ग पर नजर रखे हुये है। ईनाम देने की घोषणा की है।
रिंग रोड के बीच से हटवाये बंबूल, साइडों पर अब भी झाडिय़ां
लूट की बढ़ती वारदातों को देखते हुये पुलिस ने पिछले दिनों इस रिंग रोड पर दोनों मार्गों के बीच उगे अंग्रेजी बंबूलों को तो कटवा दिया, लेकिन साइडों पर अब भी बंबुलों का झाल है। जिस खंडहर मकान के आस-पास लुटेरों का ठिकाना बना रहा, वहां उसके चारों और अब भी बंबुल उगे हैं।
रोड़ लाइट्स भी नहीं है रिंग रोड़ पर
लुटेरों का अड्डा बनी रिंग रोड़ पर अब तक रोड़ लाइट्स की व्यवस्था नहीं की गई है। जबकि इस मार्ग से बड़ी संख्या में फैक्ट्री मजदूरों का आना-जाना लगा रहता है और कई नई कॉलोनियां भी इस मार्ग पर बस चुकी है, जिनमें रहने वाले लोगों का भी इसी रिंग रोड़ से आना-जाना लगा रहता है।
