अली लारिजानी की अमेरिका को खुली चेतावनी, ट्रंप को कीमत चुकानी पड़ेगी

तेहरान |ईरान के शीर्ष सुरक्षा अधिकारी अली लारीजानी ने अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप को कड़ा संदेश दिया है। उन्होंने कहा है कि ईरान अपने नेता और अपने लोगों के मारे जाने का बदला लेगा। ईरान के सुप्रीम लीडर अली खामेनेई के बहुत करीबी रहे लारीजानी ने साफ कहा, "हम अपने नेता और अपने लोगों के खून का बदला जरूर लेंगे। ट्रंप को इसकी कीमत चुकानी पड़ेगी।"
ईरान-अमेरिका-इस्राइल के बीच बढ़ा तनाव
यह बयान ऐसे समय में सामने आया है, जब ईरान के साथ अमेरिका और इस्राइल एक बड़े सैन्य टकराव में उलझे हुए हैं। लारीजानी ने यह भी कहा कि ईरान अमेरिका और इस्राइल के ठिकानों पर हमले कर रहा है और उन्हें भारी नुकसान पहुंचा रहा है। उन्होंने वेनेजुएला का उदाहरण देते हुए कहा कि अमेरिका को लगा था कि वह युद्ध जल्दी जीत लेगा, जैसा उसने वेनेजुएला में किया था, लेकिन इस बार वह नाकाम रहा।
ईरान का दावा: अमेरिकी सैनिक पकड़े गए, अमेरिका का इनकार
इससे पहले अली लारीजानी ने शनिवार को कुछ ऐसे दावे किए जिनसे सनसनी फैल गई। उन्होंने कहा कि ईरान ने कई अमेरिकी सैनिकों को पकड़ लिया है, जो जेलों में बंद हैं। हालांकि, अमेरिका ने इन दावों को तुरंत खारिज कर दिया। अमेरिका के एक सैन्य प्रवक्ता ने कहा कि ईरान के ये दावे उसके झूठ का एक और उदाहरण हैं।
लारीजानी ने ट्रंप पर यह भी आरोप लगाया कि वह ईरान के हमलों में मारे गए छह अमेरिकी सैनिकों की मौत के बारे में झूठी खबरें फैला रहे हैं। उनका कहना है कि असल में मरने वाले अमेरिकी सैनिकों की संख्या 500 से ज्यादा है। उन्होंने सोशल मीडिया पर लिखा कि अमेरिका धीरे-धीरे मरने वालों की संख्या बढ़ाता है और कभी दुर्घटनाएं तो कभी और बहाने बताता है। उन्होंने यह भी कहा कि कुछ अमेरिकी सैनिक बंदी बनाए गए हैं, लेकिन अमेरिका कह रहा है कि वे युद्ध में मारे गए।
सैन्य कार्रवाई जारी
इस्राइल ने रविवार को ईरान के तेल ठिकानों पर हमला किया। वहीं, ईरान के रिवोल्यूशनरी गार्ड्स ने कहा कि उन्होंने बहरीन में अमेरिकी अड्डे पर हमला किया है, जिसका इस्तेमाल ईरान के एक जल शोधन संयंत्र को निशाना बनाने के लिए किया गया था। ईरान की ओर से खाड़ी क्षेत्र में जवाबी हमले जारी हैं, जिससे यरूशलम और दोहा में हवाई हमले की चेतावनी जारी की गई है।
