टेक्सटाइल उद्योगों के विकास के लिए संसाधनों की कमी नहीं आने दी जाएगी-वी. श्रीनिवास
भीलवाड़ा। प्रदेश के मुख्य सचिव वी. श्रीनिवास ने आज भीलवाड़ा के उद्यमियों को आश्वस्त किया कि राज्य सरकार टेक्सटाइल उद्योग के सतत विकास के लिए प्रतिबद्ध है और उद्यमियों को भूमि व जल जैसे संसाधनों की कोई कमी नहीं होने दी जाएगी। वे मेवाड़ चैम्बर ऑफ कॉमर्स एण्ड इण्डस्ट्री के तत्वावधान में नितिन स्पिनर्स में आयोजित 'उद्यमी सम्पर्क वार्ता' को संबोधित कर रहे थे।
मुख्य सचिव ने कहा कि भीलवाड़ा के उद्यमियों की मेहनत ने इसे वैश्विक पहचान दिलाई है। यहां के वस्त्र उद्योग ने न केवल जिले में खुशहाली लाई है, बल्कि राज्य की अर्थव्यवस्था में भी अमूल्य योगदान दिया है। उन्होंने स्थानीय समस्याओं के त्वरित निराकरण का भरोसा दिलाया।
सम्मान और आतिथ्य
कार्यक्रम के दौरान मेवाड़ चैम्बर के अध्यक्ष अनिल मिश्रा, मानद महासचिव आर.के. जैन, और पूर्व अध्यक्षों—दिनेश नौलखा, आर.पी. सोनी व डॉ. एस.एन. मोदानी ने मुख्य सचिव का स्वागत किया। उन्हें स्मृति चिह्न के रूप में स्थानीय कलाकार द्वारा निर्मित प्रसिद्ध फड़ पेंटिंग भेंट की गई। इस अवसर पर विशिष्ट अतिथि के रूप में सांसद दामोदर अग्रवाल और विधायक अशोक कोठारी मौजूद रहे। जिला कलक्टर जसमीत सिंह संधु और जिला पुलिस अधीक्षक धर्मेन्द्र यादव भी प्रशासनिक टीम के साथ उपस्थित थे।
उद्यमियों ने उठाई ज्वलंत समस्याएं
चैम्बर की ओर से मुख्य सचिव को विभिन्न औद्योगिक समस्याओं पर प्रतिवेदन सौंपे गए, जिनमें प्रमुख बिंदु निम्नलिखित रहे:
एलपीजी संकट: वर्तमान में एलपीजी की कमी के कारण उद्योगों पर मंडरा रहे बंद होने के खतरे से अवगत कराया गया।
औद्योगिक सुरक्षा: मण्डपिया में समर्पित औद्योगिक पुलिस थाना खोलने और रायला थाना क्षेत्र के क्षेत्राधिकार में सुधार की मांग की गई।
प्रशासनिक सरलीकरण: भू-उपयोग परिवर्तन (Land Conversion) के अधिकार जिला स्तर पर देने और 'फायर सेस' से जुड़ी विसंगतियों को दूर करने का आग्रह किया गया।
प्रमुख उद्यमियों की उपस्थिति
वार्ता में क्षेत्र के दिग्गज उद्यमी शामिल हुए, जिनमें पूर्व सांसद सुभाष बहेड़िया (स्वास्तिक ग्रुप), तिलोक छाबड़ा (आरसीएम), डी.पी. मंगल (लग्नम स्पिनटेक्स), वरुण लढ्ढ़ा (सुदिवा स्पिनर्स), प्रवीण जैन (बीएसएल), दीपक अग्रवाल (बाबा स्पिनर्स), और योगेश लढ्ढ़ा (मनोमय) शामिल थे। वीविंग और प्रोसेसिंग सेक्टर का प्रतिनिधित्व शांतिलाल पानगड़िया, सचिन राठी, मोहित भीमसरिया और अनिल गर्ग ने किया।
