मेवाड़ यूनिवर्सिटी में बवाल: डिग्री मांगी तो छात्रों के लिए बंद हुए यूनिवर्सिटी के द्वार
गंगरार (चित्तौड़गढ़)। चित्तौड़गढ़ के गंगरार स्थित मेवाड़ यूनिवर्सिटी में नर्सिंग डिग्री की मांग को लेकर चल रहा विवाद अब और गहरा गया है। अपनी वाजिब मांगों को लेकर प्रदर्शन कर रहे छात्रों के खिलाफ यूनिवर्सिटी प्रबंधन ने सख्त रुख अपनाते हुए कैंपस में उनके प्रवेश पर 'अघोषित पाबंदी' लगा दी है। हालात इतने तनावपूर्ण हैं कि छात्रों को अब क्लास रूम वाले एरिया में भी जाने से रोका जा रहा है।
क्लास रूम एरिया में भी 'नो एंट्री'
आंदोलनकारी छात्रों ने आरोप लगाया कि वे लंबे समय से शांतिपूर्ण तरीके से अपनी डिग्री जारी करने की गुहार लगा रहे हैं। लेकिन प्रबंधन समाधान निकालने के बजाय उन्हें प्रताड़ित करने पर उतारू है। जिस कैंपस में उन्होंने सालों तक पढ़ाई की, आज उसी कैंपस के शैक्षणिक क्षेत्र में उन्हें घुसने नहीं दिया जा रहा है। इस सख्ती के बाद छात्रों में भारी रोष व्याप्त है।
जेल जा चुके हैं कई छात्र
बता दें कि यह आंदोलन पिछले कई दिनों से जारी है। पूर्व में हुए प्रदर्शनों के दौरान प्रशासन ने सख्त कार्रवाई करते हुए एक दर्जन से अधिक छात्रों को गिरफ्तार किया था। इन छात्रों पर आत्महत्या के प्रयास और राजकार्य में बाधा डालने जैसे गंभीर आरोप लगाकर जेल भेजा गया था। जेल से छूटने के बाद भी छात्रों का हौसला कम नहीं हुआ है और वे डिग्री मिलने तक पीछे हटने को तैयार नहीं हैं।
डिग्री के बिना भविष्य अधर में
नर्सिंग छात्रों का कहना है कि डिग्री नहीं मिलने के कारण उनका भविष्य अंधकार में है। वे कई बार प्रबंधन से वार्ता की कोशिश कर चुके हैं, लेकिन हर बार उन्हें कोरे आश्वासन या पुलिसिया कार्रवाई का सामना करना पड़ रहा है। छात्रों ने साफ कर दिया है कि जब तक उनकी डिग्री से जुड़ी समस्याओं का स्थाई समाधान नहीं होता, उनका आंदोलन अनवरत जारी रहेगा।