उदयपुर, । उदयपुर जिले के आमजन व समस्त विभागों के कार्मिकों को इंटरनेट के सुरक्षित उपयोग हेतु प्रेरित करने के लिए राष्ट्रीय सूचना विज्ञान केन्द्र उदयपुर व सूचना एवं प्रोद्योगिकी विभाग उदयपुर के सहयोग से वीसी के माध्यम से डिजिटल सुरक्षा, जिम्मेदार ऑनलाइन व्यवहार और साइबर जागरूकता को बढ़ावा देने के लिए प्रशिक्षण प्रदान किया।
एनआईसी के जिला सूचना विज्ञान अधिकारी मालाराम ने बताया कि आज के समय में इंटरनेट शिक्षा, संचार और व्यावसायिक विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाता है। हालाकि, साइबर बुलिंग, ऑनलाइन धोखाधड़ी, गोपनीयता हनन और गलत सूचना के बढ़ते मामलों को देखते हुए, यह आवश्यक हो गया है कि लोगों को सुरक्षित और जिम्मेदार इंटरनेट उपयोग के बारे में शिक्षित किया जाए। उन्होंने बताया कि सुरक्षित इंटरनेट दिवस, हर साल फरवरी में द्वितीय मगंलवार को मनाया जाता है, इसका उद्देश्य छात्रों, अभिभावकों और शिक्षकों के लिए साइबर सुरक्षा, ऑनलाइन नैतिकता और डिजिटल नागरिकता पर जागरूकता, जिम्मेदार इंटरनेट उपयोग को प्रोत्साहित करना और डिजिटल दुनिया में मानसिक स्वास्थ्य के महत्व को उजागर करना है। साथ में मानसिक स्वास्थ्य ही लोगों को ऑनलाइन धोखाधड़ी, साइबर बुलिंग और डेटा अबंधनों को पहचानने और रोकने में मदद करना है। प्रशिक्षण इंटरैक्टिव वर्कशॉप के माध्यम से मालाराम, उपनिदेशक डीओआईटी एंड सी जीवनराम मीणा एवं प्रोग्रामर संदीप उपाध्याय ने वीसी के माध्यम से प्रदान किया। जिला स्तर पर इस कार्यक्रम में अतिरिक्त निदेशक डीओआईटी एंड सी श्वेता डामोर, प्रोग्रामर प्रकाश माली आदि उपस्थित रहें। सभी ब्लॉक स्तर पर सूचनाए व प्रौद्योगिकी विभाग के कार्मिक व शिक्षा विभाग के कार्मिको को उन्होंने यह भी बताया कि प्रशिक्षित अधिकारी-कार्मिक 11 फरवरी से विद्यालयों, महाविद्यालयों, स्थानीय सरकारी निकायों और गैर-सरकारी संगठनों का सहयोग लेते हुए सेमिनार, इंटरेक्टिव वर्कशॉप, जागरूकता अभियान और डिजिटल साक्षरता कार्यक्रमों के माध्यम से आमजन को एक साथ मिलकर बेहतर इंटरनेट के बारे में जागरूक करेंगे।