भीलवाड़ा में आक्रोश, गौवंश के साथ दरिंदगी पर हिंदू समाज का हल्ला बोल,72 घंटे का अल्टीमेटम
भीलवाड़ा (BHN) | वस्त्र नगरी भीलवाड़ा में पिछले कुछ दिनों में गौवंश के साथ हुई 'घिनौनी और अमानवीय' हरकतों ने पूरे शहर के सब्र का बांध तोड़ दिया है। आज विश्व हिंदू परिषद (VHP) और बजरंग दल के नेतृत्व में बड़ी संख्या में उग्र प्रदर्शनकारियों ने कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन किया और पुलिस प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की।
क्या है पूरा मामला?
पहली घटना (7 मार्च): धानमंडी इलाके में सोती हुई गाय के साथ कुकृत्य। वीडियो सबूत होने के बावजूद अपराधी अब तक पुलिस की गिरफ्त से बाहर!
दूसरी घटना (27 मार्च): शाम की सब्जी मंडी में दोबारा वैसी ही शर्मनाक हरकत। CCTV फुटेज उपलब्ध है, लेकिन कार्रवाई के नाम पर अब तक केवल 'आश्वासन'।
प्रशासन को सीधी चेतावनी: संगठनों ने दो टूक शब्दों में कह दिया है—"72 घंटे में गिरफ्तारी, वरना भीलवाड़ा बंद!"
कलेक्ट्रेट पर प्रदर्शन के दौरान माहौल बेहद आक्रोशित रहा। रामप्रकाश बहेड़िया (अध्यक्ष, VHP) और मुकेश प्रजापत (संयोजक, बजरंग दल) ने पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन सौंपते हुए कहा कि यह केवल एक अपराध नहीं, बल्कि हिंदू समाज की आस्था पर सीधा प्रहार है। संगठनों का आरोप है कि अपराधियों के हौसले इसलिए बुलंद हैं क्योंकि पुलिस ढुलमुल रवैया अपना रही है।
"अगर प्रशासन को लगता है कि हिंदू समाज मौन रहेगा, तो यह उनकी बड़ी भूल है। 72 घंटे बाद जो उग्र आंदोलन होगा, उसकी पूरी जिम्मेदारी शासन की होगी।" — VHP नेतृत्व
पुलिस की चुप्पी पर सवाल?
शहर के मुख्य बाजारों धानमंडी और सब्जी मंडी में ऐसी घटनाएं होना सुरक्षा व्यवस्था पर बड़े सवाल खड़े करती हैं। जनता पूछ रही है—आखिर वीडियो और CCTV होने के बाद भी अपराधी खुलेआम क्यों घूम रहे हैं?
