अवध से अयोध्या तक कला प्रदर्शनी का भव्य शुभारंभ, आकृति आर्ट गैलरी में सजी रामकथा की झलक
भीलवाड़ा। शहर के कला प्रेमियों के लिए शुक्रवार शाम एक विशेष सांस्कृतिक अवसर देखने को मिला, जब स्थानीय आकृति कला संस्थान और जवाहर फाउंडेशन के संयुक्त तत्वावधान में आयोजित समूह चित्र प्रदर्शनी “अवध से अयोध्या” का शुभारंभ आकृति आर्ट गैलरी में हुआ। उद्घाटन समारोह में महामंडलेश्वर स्वामी हंसराम जी, राजस्थान जनमंच अध्यक्ष कैलाश सोनी, इकबाल हुसैन, मंजू मिश्रा तथा निम्बार्क आश्रम के महंत मोहन शरण शास्त्री मौजूद रहे।
संस्थान के सचिव कैलाश पालिया ने बताया कि इस प्रदर्शनी में रामकथा से जुड़े विविध प्रसंगों को चित्रकला के माध्यम से प्रस्तुत किया गया है। वरिष्ठ कलाकारों में गोवर्धन सिंह पंवार की लक्ष्मण रेखा, मंजू मिश्रा की सम्पूर्ण रामायण, इकबाल हुसैन का श्रीराम, सत्यनारायण सोनी का केवट प्रेम, गोपालदास वैष्णव की रामसेतु में गिलहरी की भूमिका, कैलाश पालिया का रामलला, गीतांजलि वर्मा का श्रीराम परिचय, कपिल खन्ना का धर्म और ज्ञान, फड़ चित्रकार लोकेश जोशी का अशोक वाटिका में हनुमान, सौरभ सोनी का सीता स्वयंवर, सत्येश विश्वकर्मा का बालराम, मुकेश विश्वकर्मा का वीर राम, ज्योति पारीक का रामेश्वरम् स्थापना और हेमंता मीणा का मर्यादा पुरुषोत्तम प्रमुख आकर्षण रहे।
युवा कलाकारों ने भी अपनी कृतियों से दर्शकों को प्रभावित किया। अन्नु प्रजापत ने मधुबनी शैली में पुष्पक विमान, अनुष्का पाराशर और सुमित गुर्जर ने वीर हनुमान, झलकरानी ने राम राज्याभिषेक, शांतिलाल गाडरी ने हनुमान सीता मिलन तथा खुशी कंवर ने वनगमन विषय को चित्रों में उकेरा। बाल कलाकारों में दस वर्षीय भूवी केशवानी की बाल हनुमान, धनिष्ठा चपलोत की केवट और रहमत खन्ना की राम रावण युद्ध विशेष रूप से सराही गई।
कार्यक्रम का संचालन कत्थक गुरु रमा पचिसिया ने किया। आयोजकों ने बताया कि यह प्रदर्शनी 28 जनवरी 2026 तक प्रतिदिन सुबह 10 बजे से शाम 8 बजे तक आमजन के लिए खुली रहेगी।