माघ पूर्णिमा पर भीलवाड़ा में होगा विशेष 'पितृ दर्शन' अनुष्ठान, 1 फरवरी को घर-घर जलेंगे श्रद्धा के दीप
भीलवाड़ा । धार्मिक और आध्यात्मिक नगरी भीलवाड़ा में इस वर्ष माघ पूर्णिमा का पर्व एक विशेष अनुष्ठान के रूप में मनाया जाएगा। आगामी 1 फरवरी 2026, रविवार को 'पितृ दर्शन' के विशेष योग पर शहरवासियों से अपने पूर्वजों के निमित्त दीप दान करने की अपील की गई है। मान्यताओं के अनुसार, माघ शुक्ल पूर्णिमा के दिन संध्या काल में समस्त पितृ देव आकाश मंडल में एकत्रित होते हैं, जिन्हें श्रद्धा अर्पित करने के लिए शाम 6:22 से 6:46 बजे के बीच 24 मिनट का विशेष मुहूर्त बताया गया है।
इस मुहिम के तहत बताया गया है कि परिवार की सुख-समृद्धि और गृह क्लेश की मुक्ति के लिए इस पवित्र बेला में भारतीय गाय के घी (गौ घृत) का दीपक जलाना अत्यंत फलदायी होता है। शास्त्र सम्मत विधि के अनुसार, यह दीपक घर में पीने के पानी के स्थान (परिंडा) पर रखकर, दक्षिण दिशा की ओर मुख करके प्रार्थना करनी चाहिए। श्रद्धालुओं की सुविधा के लिए शहर के विभिन्न सेवा केंद्रों जैसे रामधाम विरक्त आश्रम, सत्कार हाउस, संस्कृति मंदिर और श्री कानिफनाथ छात्रावास में 27 से 31 जनवरी तक निशुल्क गौ-घृत बत्तियों का वितरण भी किया जा रहा है। पं. पू. माधव गौ-विज्ञान अनुसंधान केंद्र और कामधेनु गौशाला सहित विभिन्न संस्थाओं ने इस पुनीत कार्य में भागीदारी निभाते हुए आमजन से अपने पितरों की प्रसन्नता हेतु इस ज्योति दर्शन का हिस्सा बनने का आह्वान किया है।