भरतपुर। कई दिनों तक कड़ाके की ठंड और धूप न निकलने के बाद मौसम साफ हुआ तो लोग बच्चों के साथ छतों पर धूप सेकने लगे। लेकिन यही लापरवाही तीन मासूम बच्चों के लिए हादसे में बदल गई। भरतपुर और डीग जिले में अलग-अलग स्थानों पर छत से गिरकर तीन बच्चे गंभीर रूप से घायल हो गए, जिन्हें जिला आरबीएम अस्पताल में भर्ती कराया गया है।
जिला आरबीएम अस्पताल से मिली जानकारी के अनुसार डीग जिले के चामुंडा मोहल्ला निवासी 4 वर्षीय मिस्टी छत पर खेलते समय संतुलन बिगड़ने से नीचे गिर गई, जिससे वह गंभीर रूप से घायल हो गई। वहीं डीग जिले के निगोही गांव में एक वर्षीय बच्ची हर्षिता छत पर खेल रही थी। परिजन भी छत पर मौजूद थे, लेकिन सुरक्षा जाल का गेट खुला होने के कारण बच्ची नीचे गिर गई। इसी तरह भरतपुर शहर के सेवर थाना क्षेत्र में 9 वर्षीय तनुज छत पर खेलते समय फिसलकर नीचे गिर पड़ा। तीनों बच्चों को तुरंत जिला आरबीएम अस्पताल पहुंचाया गया, जहां उनका इलाज शुरू किया गया। बाद में तनुज को परिजन निजी अस्पताल ले गए, जबकि मिस्टी और हर्षिता का इलाज जिला अस्पताल में जारी है। डॉक्टरों के अनुसार दोनों बच्चियां खतरे से बाहर हैं।
यह घटना एक बार फिर छतों पर बच्चों की सुरक्षा को लेकर बरती जा रही लापरवाही की ओर इशारा करती है। प्रशासन और चिकित्सकों ने अभिभावकों से अपील की है कि बच्चों को छत पर खेलते समय निगरानी में रखें और सुरक्षा जाल व गेट बंद रखना सुनिश्चित करें, ताकि ऐसे हादसों से बचा जा सके।