चित्तौड़गढ़ - स्थानीय आई.पी.एस. मेमोरियल फाउंडेशन द्वारा वर्ष के अंतिम दिन 31 दिसम्बर को शहर मे नशा मुक्ति एवं युवा वर्ग को जागृत करने के उद्देश्य से एक नई शुरुआत की गयी जानकारी देते हुए अधिवक्ता एवं संस्थान की कार्यक्रम संचालिका भारती गहलोत ने बताया कि संस्थान द्वारा 31 दिसम्बर की शाम को संस्थान के संस्थापक विजय मलकानी के नेतृत्व मे कलेक्ट्रट चौराहे पर दारू से नहीं दूध से करें 2026 का स्वागत कार्यक्रम का आयोजन टेंट एवं दूध की कढ़ाई लगाकर आयोजित कर आम जनता को दूध पिलाया गया, सरहाना करते हुए कार्यक्रम के मुख्य अतिथि उद्योगपति हरीश इनाणी ने कहा कि आई.पी.एस मेमोरियल फाउंडेशन द्वारा शहर मे ये अच्छी शुरुआत की गयी है निश्चित रूप से इससे शहर के युवा वर्ग तथा आम जनता के मन मे अच्छा सन्देश गया है संस्थान को आगे भी निरंतर ऐसे कार्यक्रम आयोजित करते रहना चाहिए संस्थापक विजय मलकानी ने स्पष्ट करते हुए कहा कि वैसे तो हमारा नव वर्ष चेत्र प्रतिप्रदा से प्रारम्भ होता है परन्तु केलैंडर वर्ष 1 जनवरी से शुरु होता एवं कई लोग एवं युवा वर्ग 1 जनवरी की पूर्व संध्या पर जमकर मदिरा का उपयोग करते है इसलिए साल के अंतिम दिन हमें यह कार्यक्रम 31 दिसम्बर को आयोजित करना पड़ा।
कार्यक्रम की अध्यक्षता डॉ. योगेश व्यास द्वारा की गयी विशिष्ट अतिथियों मे कवि अब्दुल जब्बार, कवि नंद किशोर निर्जर, महेंद्र जोशी, नन्द किशोर पारीक, निर्भय शंकर जोशी, संरक्षक फूलवंत सिंह सलूजा, परशुराम रामायण मण्डल के हरिओम मौड, जनार्दन मौड, सरस डेयरी उद्योग से अर्चना व्यास, शिक्षाविद दशोरा एवं पदमा दशोरा, पी. पी. सिंह, भगवती प्रसाद पोरवाल, प्रदीप गौड़, धर्मनारायण भारद्वाज, गुर्जर गौड़ ब्राह्मण जिलाध्यक्ष मनीष त्रिपाठी, हिंदुस्तान जिंक से ऋषि कुमार, रामू पाण्डेय, आई.पी.एस. गणों मे संस्थापक विजय मलकानी, राजेंद्र गग्गड, ओम पुनर, परविंदर कौर, अधिवक्ता भारती गहलोत, व्याख्याता कल्पना गहलोत इत्यादि शहर के कई प्रबुद्धजन उपस्थित रहे। कार्यक्रम का संचालन भारती गहलोत ने किया। सभी का आभार संस्थान के संस्थापक विजय मलकानी द्वारा किया गया।