आईए जिन्दगी का कुछ हिसाब करते हैं,
पल-पल बीत गया उसकी बात करते हैं।
कोई भी नया मिलें तो मुलाकात करते हैं,
यूं कोई बिछड़ गया उसको याद करते हैं!
ए जिन्दगी तुझसे हम कोई बात करते हैं।
आईए जिन्दगी का कुछ हिसाब करते हैं,
पल-पल बीत गया उसकी बात करते हैं।
कोई हमसे रूठा हैं उसकी बात करते हैं,
जो हमसे बिछड़ गया शिकायत करते हैं!
ईश्वर उसे मिला दे हम फ़रियाद करते हैं।
आईए जिन्दगी का कुछ हिसाब करते हैं,
पल-पल बीत गया उसकी बात करते हैं।
धैर्य-हौसला-साहस एवं हिम्मत की हमने,
जाने कैसे संघर्षों से जिंदगी जी हैं हमने!
दुनिया में नफरतों से भी प्रेरणा ली हमने।
संजय एम तराणेकर
(कवि, लेखक व समीक्षक)
इन्दौर-452011 (मध्य प्रदेश)
