भीलवाड़ा: ANTF की सर्जिकल स्ट्राइक,: 22 किलो अफीम के साथ सूरतगढ़ और बीकानेर के 3 तस्कर गिरफ्तार
भीलवाड़ा प्रेम कुमार गढ़वाल। नशे के सौदागरों के खिलाफ ANTF (एंटी नारकोटिक्स टास्क फोर्स) ने अब तक की सबसे बड़ी और आक्रामक कार्रवाई करते हुए मौत के सामान की एक बड़ी खेप को पकड़ने में सफलता हासिल की है। भीलवाड़ा ANTF की टीम ने दिल्ली-मुंबई हाईवे पर स्थित रायला थाने के पास घेराबंदी कर एक बोलेरो पिकअप से 22 किलोग्राम अवैध अफीम बरामद की है, जो चित्तौड़गढ़ से श्रीगंगानगर की ओर तस्करी कर ले जाई जा रही थी।
ये दबोचे गए तस्कर,कानून के शिकंजे में आरोपियों का पूरा कच्चा चिट्ठा
पुलिस ने मौके पर घेराबंदी कर वाहन को रुकवाया और वाहन में सवार तीन शातिर तस्करों को रंगे हाथों गिरफ्तार किया। पकड़े गए आरोपियों में सुभाष भूरिया (35) पुत्र भजनलाल जाट, निवासी 85 एच.पीडी, तहसील सूरतगढ़ (श्रीगंगानगर), मनफूल (26) पुत्र जीतराम कुम्हार, निवासी रामसरा, थाना महाजन (बीकानेर) और कैलाश (20) पुत्र गिरधारी लाल ब्राह्मण, निवासी धान मंडी गेट के पास, सूरतगढ़ (श्रीगंगानगर) शामिल हैं।
इंटेलिजेंस की सटीक चोट और हाईवे पर हाई-वोल्टेज ड्रामा
ANTF को पुख्ता सूचना मिली थी कि ये तीनों आरोपी बोलेरो पिकअप में भारी मात्रा में नशा भरकर श्रीगंगानगर की ओर कूच कर रहे हैं। इस इनपुट पर टीम तुरंत रायला थाना क्षेत्र के पारा हाईवे पहुंची और नाकाबंदी कर दी। जैसे ही मुखबिर द्वारा बताए हुलिए की गाड़ी चित्तौड़गढ़ की ओर से आती दिखी, टीम ने पलक झपकते ही उसे चारों तरफ से घेर लिया। गहन तलाशी में गाड़ी के गुप्त हिस्सों से करीब 22 किलो अफीम बरामद हुई, जिसे तुरंत जब्त कर लिया गया।
बड़ी चेतावनी: एएनटीएफ की इस कार्रवाई ने अफीम तस्करी के सिंडिकेट की कमर तोड़ दी है। पुलिस अब इन तीनों आरोपियों से पूछताछ कर रही है ताकि यह पता लगाया जा सके कि तस्करी का यह माल कहाँ से लाया गया था और आगे किसे सप्लाई किया जाना था। बता दें कि इस कार्रवाई को भीलवाड़ा चौकी प्रभारी अयूब मोहम्मद के नेतृत्व में नारायण लाल, राधे लाल, सुरेश नाथ ने अंजाम दिया।