भीलवाड़ा, ।भीलवाड़ा विधायक अशोक कुमार कोठारी ने विधानसभा में नियम 50 के तहत स्थगन प्रस्ताव पर बोलते हुए सरकार से भीलवाड़ा के कर्मचारी राज्य बीमा अस्पताल को केंद्र सरकार के अधीन कर्मचारी राज्य बीमा निगम को हस्तांतरित करने की मांग की। उन्होंने कहा कि इससे भीलवाड़ा के साथ साथ चित्तौड़गढ़ जिले के बीमित श्रमिकों को बेहतर और सुलभ चिकित्सा सुविधाएं मिल सकेंगी।
विधायक कोठारी ने बताया कि भीलवाड़ा स्थित 50 शैय्या वाला राज्य कर्मचारी बीमा अस्पताल वर्तमान में यहां लंबे समय से अधिकांश विशेषज्ञ चिकित्सकों और आवश्यक स्टाफ के रिक्त पदों की हालत को देखते हुए श्रमिकों को अपेक्षित चिकित्सा सुविधाएं नहीं मिल पा रही हैं।
उन्होंने कहा कि भीलवाड़ा एक प्रमुख औद्योगिक नगरी है, जहां विभिन्न उद्योगों में कार्यरत बीमित श्रमिकों की संख्या लगभग एक लाख है, जो राज्य में श्रमिकों की संख्या के हिसाब से पांचवें स्थान पर है। यदि श्रमिकों के आश्रितों को भी शामिल किया जाए तो लाभार्थियों की संख्या लगभग 3 से 4 लाख तक पहुंच जाती है।
कोठारी ने बताया कि केंद्र सरकार द्वारा अस्पताल को कर्मचारी राज्य बीमा निगम के अधीन लेने के लिए 29 सितंबर 2023 को राज्य सरकार के साथ एमओयू भी किया गया था, लेकिन इस दिशा में विशेष प्रगति नहीं हो सकी। उन्होंने कहा कि वर्तमान में राज्य में डबल इंजन की सरकार है और सरकार का उद्देश्य अंतिम पंक्ति में खड़े व्यक्ति तक सुविधाएं पहुंचाना है।
इस पर चिकित्सा एवं स्वास्थ्य मंत्री गजेन्द्र सिंह खींवसर ने जवाब देते हुए कहा कि अप्रैल माह तक विशेषज्ञ चिकित्सकों के पदों पर भर्ती की जाएगी। विशेषज्ञ चिकित्सों की नियुक्ति के बाद स्थानीय विधायक से सलाह-मशविरा कर अस्पताल को केंद्र सरकार के अधीन देने की प्रक्रिया आगे बढ़ाई जाएगी ।
