अमेरिका: राष्ट्रपति ट्रंप को सुप्रीम कोर्ट से बड़ा झटका, ग्लोबल टैरिफ को बताया 'अवैध' और 'गैरकानूनी'
वॉशिंगटन। अमेरिकी सुप्रीम कोर्ट ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप की आर्थिक नीतियों पर कड़ा प्रहार करते हुए उनके 'ग्लोबल टैरिफ' को पूरी तरह से असंवैधानिक और अवैध करार दिया है। कोर्ट ने ट्रंप द्वारा इमरजेंसी पावर्स कानून (International Emergency Economic Powers Act) के तहत दुनिया के विभिन्न देशों पर लगाए गए टैरिफ को रद्द करने का ऐतिहासिक फैसला सुनाया है।
6-3 के बहुमत से आया फैसला
सुप्रीम कोर्ट की बेंच ने 6-3 के अंतर से यह महत्वपूर्ण निर्णय दिया। ट्रंप प्रशासन ने दलील दी थी कि राष्ट्रपति के पास राष्ट्रीय सुरक्षा के लिए टैरिफ लगाने का असीमित अधिकार है, लेकिन कोर्ट ने इसे खारिज कर दिया।
चीफ जस्टिस की कड़ी टिप्पणी
फैसला सुनाते हुए चीफ जस्टिस जॉन रॉबर्ट्स ने कहा कि राष्ट्रपति ने बिना किसी समय सीमा या स्पष्ट दायरे के असीमित अधिकारों का दावा किया था। उन्होंने स्पष्ट किया कि:
ट्रंप प्रशासन ऐसा कोई कानून पेश नहीं कर पाया जिससे यह साबित हो कि 'इंटरनेशनल इमरजेंसी इकोनॉमिक पावर्स एक्ट' का उपयोग टैरिफ लगाने के लिए किया जा सकता है।
इमरजेंसी पावर्स कानून राष्ट्रपति को इस तरह के व्यापारिक उपाय लागू करने की शक्ति नहीं देता है।
ट्रंप की चेतावनी: 'बर्बाद' हो जाएगा अमेरिका
फैसले से एक दिन पहले जॉर्जिया में ट्रंप ने कहा था कि उन्हें राष्ट्रपति के रूप में टैरिफ लगाने का पूरा अधिकार है क्योंकि दुनिया के देशों ने अमेरिका को सालों तक लूटा है। उन्होंने चेतावनी दी थी कि टैरिफ हटने से अमेरिकी अर्थव्यवस्था 'बर्बाद' हो जाएगी। हालांकि, कोर्ट के इस आदेश के बाद अब यह बड़ा सवाल खड़ा हो गया है कि ट्रंप आगे अपनी व्यापारिक नीतियों और धमकियों को कैसे अमलीजामा पहनाएंगे।
