सागर। मध्यप्रदेश के सागर जिले में भाजपा की महिला पदाधिकारी के साथ बलात्कार के मामले में कोर्ट ने बड़ा फैसला सुनाया है। खुरई के गुरुनानक वार्ड निवासी भाजपा पार्षद एवं पूर्व एनएसजी कमांडो मनोज राय को सागर स्थित एससी-एसटी विशेष न्यायालय ने सभी आरोपों से बरी कर दिया है।
महिला नेत्री ने आरोप लगाया था कि भाजपा पार्षद ने घर छोड़ने के बहाने उसे कार में बैठाया और उसके साथ दुष्कर्म किया। इसके अलावा, शिकायत में यह भी कहा गया था कि आरोपी ने एक बार बलात्कार करने के बाद धमकी देकर कई बार उसके साथ शारीरिक संबंध बनाए।
खुरई शहरी थाना में 11 मार्च 2025 को दर्ज शिकायत के बाद यह मामला राजनीतिक और सामाजिक स्तर पर चर्चा का विषय बना। सागर एससी-एसटी विशेष न्यायालय में न्यायाधीश प्रदीप सोनी ने अभियोजन और बचाव पक्ष द्वारा प्रस्तुत साक्ष्य, गवाहों के बयान और अन्य दस्तावेजों का विस्तार से परीक्षण किया।
न्यायाधीश ने अपने फैसले में कहा कि तथ्यों और गवाहों के बयानों में विरोधाभास पाए गए और अभियोजन पक्ष आरोपों को ठोस साक्ष्यों के साथ सिद्ध करने में असफल रहा। इसी आधार पर पूर्व एनएसजी कमांडो मनोज राय को सभी आरोपों से दोषमुक्त कर दिया गया।
फैसले के बाद क्षेत्र में इस प्रकरण पर लंबे समय से बनी चर्चाओं और निगाहों में अब बदलाव आया है।
