गरबा में झूमे महिलाएं और युवा, डांडिया की गूंज से गूंजा दूदाजी का देवरा प्रांगण
उदयपुर। श्री लक्ष्मीनारायण युवा परिषद एवं परशुराम गरबा मंडल की ओर से पुरोहितों की मादड़ी स्थित दुदाजी का देवरा मंदिर प्रांगण में समस्त औदिच्य समाज के सामूहिक गरबा उत्सव में तीसरे दिन गुरुवार को डांडियों की खनक के साथ देर रात तक समाजजनों खुब गरबा खेला। महिलाओं ने नीले रंग के परिधान पहनकर डांडिया किया वहीं पुरुषों से ब्लैक शर्ट एवं ब्ल्यू जींस पेंट में डांडिया रास किया। महोत्सव में पारंपरिक गीतों की धुन पर सभी ने गरबे का आनंद लिया। सर्वप्रथम माताजी की पहली आरती हुई। जिसमें सेंकड़ो की संख्या में भक्तजन शामिल हुए। इसके बाद शुरू हुए डांडियो की खनक और गरबे के गानों ने भक्तों को झूमने पर मजबूर कर दिया। इसके बाद माँ की भक्ति गीतों पर महिलाओ - पुरुष और बच्चों ने गरबा रस किया। प्रतियोगिता करवाई जिसमें बच्चों को परितोष देकर सम्मान दिया गया। नवरात्र के 9 दिनों तक मां के अलग-अलग स्वरूपों की पूजा-अर्चना हो रही है। रोज विशेष भोग अर्पित हो रह है।
संस्थापक हीरालाल गोकलावत व पूर्व अध्यक्ष बंशीलाल पतावत, नारायण हीरावत ने संयुक्त रूप से बताया कि नवरात्रि के तीसरे दिन माताजी की महाआरती हरीश- प्रियंका, लक्षिता, प्रीता मेहर फरावत परिवार द्वारा की गई। इस अवसर पर बड़ी संख्या में महिलाएँ पारंपरिक वेशभूषा में उपस्थित रहीं और दुर्गा माता की आराधना की। गरबा महोत्सव में विप्लव कुमार जैन बतौर अतिथि के रूप में मौजूद रहे।
परशुराम गरबा मण्डल के भोपाजी गणेशलाल ईडाणा ने बताया कि नवरात्र महोत्सव के अंतर्गत प्रतिदिन विशेष पूजा-अर्चना, गरबा नृत्य और सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन हुआ। उन्होने बताया कि समस्त औदिच्य समाज जन गरबा महोत्सव में भाग रहे है। प्रतिदिन समाजजनों द्वारा अलग-अलग प्रसाद वितरित किया जा रहा है।
अध्यक्ष झमकलाल धुलावत व सांस्कृतिक मंत्री हितेश व्यास ने बताया कि हर दिन अलग-अलग थीम पर गरबा नृत्य आयोजित होगा। साथ ही, महिलाओं और युवाओं के लिए पारंपरिक परिधान प्रतियोगिता भी आयोजित कर रहे है। गरबा होने के बाद बच्चों, युवा एवं महिलाओं के लिए कुर्सी रेस, चम्मच रेस, बोरी रेस सहित अलग-अलग प्रतियोगिता का आयोजन हो रहा है। इस दौरान सैकड़ों समाजजन मौजूद रहे।