भीलवाड़ा BHN | भीलवाड़ा जिले की कोटडी पंचायत समिति में तैनात रहे विकास अधिकारी (BDO) रामविलास मीणा के खिलाफ भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) ने बड़ी स्ट्राइक की है। कोटा-चित्तौड़गढ़ मार्ग पर की गई इस कार्रवाई में अधिकारी की निजी कार से 1,55,275 रुपये की अवैध राशि बरामद हुई है।
भीलवाड़ा से कोटा की ओर जाते समय बिछाया जाल
अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक एसीबी कोटा विजय स्वर्णकार ने हलचल को बताया कि रामविलास मीणा वर्तमान में कोटडी (भीलवाड़ा) में विकास अधिकारी के पद पर तैनात थे, जिन्हें हाल ही में एपीओ (पदस्थापन की प्रतीक्षा में) किया गया था। एसीबी को गोपनीय सूचना मिली थी कि मीणा भीलवाड़ा क्षेत्र के ठेकेदारों से पिछली तारीखों में बिल पास करने के एवज में मोटी रकम वसूल कर अपनी मारुति स्विफ्ट (RJ17 CA 5312) से कोटा की ओर निकल रहे हैं।
हैंगिंग ब्रिज टोल नाके पर घेराबंदी
एसीबी कोटा की टीम ने सूचना को पुख्ता करते हुए कोटा-चित्तौड़गढ़ मार्ग पर स्थित हैंगिंग ब्रिज टोल नाके पर नाकाबंदी की। जैसे ही संदिग्ध कार वहां पहुंची, टीम ने उसे रुकवा कर तलाशी ली। कार के अंदर से 1.55 लाख रुपये से अधिक की नकदी बरामद हुई।
संतोषजनक जवाब नहीं दे सके अधिकारी: जब एसीबी की टीम ने बरामद राशि के बारे में पूछताछ की, तो रामविलास मीणा कोई वैध दस्तावेज या आय का स्रोत नहीं बता पाए। संतोषजनक जवाब न मिलने पर टीम ने तुरंत राशि को जब्त कर लिया।
भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम के तहत मामला दर्ज
यह पूरी कार्रवाई एसबी के उप महानिरीक्षक आनन्द शर्मा और अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक विजय स्वर्णकार के निर्देशन में पुलिस उप अधीक्षक अनिश अहमद की टीम द्वारा अंजाम दी गई।
