सावधान! बीमार को 'ज़हर' परोस रहा दवा बाज़ार: इबुकोम और पैरासिटामोल सहित 8 नामी दवाएँ फेल, मरीजों की जान से खिलवाड़
जयपुर/भीलवाड़ा। प्रदेश के दवा बाज़ार में मरीजों की जिंदगी के साथ खिलवाड़ का एक खौफनाक सच सामने आया है। औषधि नियंत्रण विभाग द्वारा चलाए गए 'क्लीन स्वीप' अभियान की जांच रिपोर्ट ने हड़कंप मचा दिया है। बाज़ार में धड़ल्ले से बिक रही 8 नामी दवाओं के सैंपल सरकारी कसौटी पर फेल हो गए हैं। ये दवाएँ न सिर्फ बेअसर हैं, बल्कि सेहत के लिए गंभीर खतरा भी बन सकती हैं। विभाग ने तुरंत एक्शन लेते हुए इन दवाओं के संबंधित बैचों की बिक्री पर रोक लगा दी है और कंपनियों को स्टॉक समेटने का अल्टीमेटम दिया है।
घुलने के बजाय टूट रही थीं गोलियां: न दर्द मिटेगा, न बुखार उतरेगा
जांच में सबसे डरावने नतीजे रोजमर्रा की दवाओं में मिले हैं। दर्द और बुखार के लिए घर-घर में इस्तेमाल होने वाली इबुकोम (इबुप्रोफेन व पैरासिटामोल) के सैंपल में टैबलेट के आपस में चिपकने और समय से पहले ही बिखरने जैसी बड़ी खामी मिली है। हद तो तब हो गई जब पैरासिटामोल 650 एमजी की गोली 'डिसॉल्यूशन टेस्ट' में ही फेल हो गई। यानी यह गोली पेट में जाने के बाद घुलेगी ही नहीं, तो मरीज को आराम मिलना नामुमकिन है।
खांसी की सिरप में 'घपला' और प्रतिबंधित रंग का खेल
सर्दी-खांसी के मौसम में बच्चों और बुजुर्गों को दी जाने वाली एम्ब्रोक्सोल और टर्बुटालाइन सिरप के दो बैच फेल मिले हैं, जिनमें दवा की मात्रा मानक से काफी कम पाई गई। वहीं, जोड़ों के दर्द की पीएएस (PAS) टैबलेट में प्रतिबंधित 'सनसेट येलो' रंग का इस्तेमाल मिला है, जो स्वास्थ्य के लिए घातक है। इसके अलावा एलर्जी की दवा प्रोनेक्ट-25 और घावों पर लगाने वाला पाउडर भी जांच में फिसड्डी साबित हुआ है।
ड्रग कंट्रोलर की चेतावनी: 'लाइसेंस होगा निरस्त'
औषधि नियंत्रक अजय फाटक और मनोज धीर ने स्पष्ट किया है कि मरीजों की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं होगा। जिन कंपनियों के सैंपल फेल हुए हैं, उन्हें कारण बताओ नोटिस जारी किया गया है। विभाग ने सख्त निर्देश दिए हैं कि यदि किसी भी मेडिकल स्टोर पर इन प्रतिबंधित बैचों की दवा मिली, तो दुकानदार का लाइसेंस तुरंत निरस्त कर दिया जाएगा।
आमजन ध्यान दें: QR कोड से करें असली-नकली की पहचान
विभाग ने जनता से अपील की है कि दवा खरीदते समय उस पर दिए गए QR कोड को स्कैन जरूर करें। इससे दवा की प्रमाणिकता का पता चल सकेगा। घटिया दवाओं की लिस्ट में शामिल किसी भी दवा का उपयोग करने से पहले डॉक्टर से सलाह लें और संबंधित बैच की जांच करें।
भीलवाड़ा हलचल न्यूज पोर्टल पर अपनी खबर देने के लिए संपर्क करें:
समाचार: प्रेम कुमार गढवाल 9413376078 (Email: bhilwarahalchal@gmail.com, व्हाट्सएप: 9829041455)
विज्ञापन: विजय गढवाल 6377364129
संपर्क कार्यालय: भीलवाड़ा हलचल, कलेक्ट्री रोड, नई शाम की सब्जी मंडी, भीलवाड़ा फोन: 7737741455
