भव्य घोष प्रदर्शन: राष्ट्र सेविका समिति की गूंज से महका नीलकंठ मंदिर परिसर, मकर संक्रांति पर दिखा अनुशासन!
मांडल/भीलवाड़ा (हलचल)। मकर संक्रांति के पावन पर्व पर राष्ट्र सेविका समिति भीलवाड़ा विभाग द्वारा मांडल खंड के नीलकंठ मंदिर परिसर में भव्य एवं अनुशासित घोष प्रदर्शन किया गया। घोष की स्वर लहरियों और उत्सवी वातावरण ने पर्व के उल्लास को दोगुना कर दिया।
कठिन परिश्रम का दिखा परिणाम
जिला कार्यवाहिका श्रीमती जनशु खारोल ने बताया कि इस शानदार प्रदर्शन के पीछे सेविकाओं की कड़ी मेहनत है। उन्होंने बताया कि इस घोष वादन के लिए सेविकाओं ने पिछले 10 दिनों तक प्रतिदिन 2 घंटे नियमित अभ्यास किया। साथ ही, 3 दिवसीय विशेष घोष अभ्यास वर्ग में रोजाना 4 घंटे का गहन प्रशिक्षण लिया गया, जिसकी झलक आज के सुव्यवस्थित प्रदर्शन में साफ दिखाई दी।
अनुशासन और सामूहिकता का प्रतीक
कार्यक्रम के मुख्य वक्ता ज्योतिष विद् घनश्याम माणम्या ने अपने उद्बोधन में कहा कि घोष वादन केवल संगीत नहीं, बल्कि अनुशासन, सामूहिकता और उमंग का प्रतीक है। यह पर्व की पवित्रता और समाज में नई ऊर्जा का संचार करता है। खंड कार्यवाहिका पार्वती तोतला ने सभी सहभागी सेविकाओं को बधाई देते हुए समिति के कार्यों को और विस्तार देने का आह्वान किया।
इनकी रही सहभागिता
इस भव्य प्रदर्शन में कुल 25 सेविकाओं ने घोष वादन में हिस्सा लिया। कार्यक्रम के दौरान तरुणी प्रमुख अंकिता भट्ट सहित समिति की अन्य पदाधिकारी और बड़ी संख्या में स्थानीय श्रद्धालु उपस्थित रहे, जिन्होंने सेविकाओं के कौशल की जमकर सराहना की।