संगीतमय श्रीमद भागवत कथा का भव्य आगाज दो फरवरी को, भीलवाड़ा बनेगा धर्म और भक्ति का केंद्र
भीलवाड़ा। धर्मनगरी भीलवाड़ा एक बार फिर सात दिनों तक भक्ति, संगीत और आध्यात्मिक वातावरण में डूबने जा रही है। रोडवेज बस स्टैंड के पास स्थित अग्रवाल उत्सव भवन में दो से आठ फरवरी तक संगीतमय श्रीमद भागवत कथा का भव्य आयोजन किया जाएगा। स्वर्गीय गीतादेवी तोषनीवाल चेरिटेबल ट्रस्ट की ओर से आयोजित इस आयोजन में प्रतिदिन दोपहर दो बजे से शाम छह बजे तक रामद्वारा चित्तौड़गढ़ के रामस्नेही संत दिग्विजयरामजी महाराज के मुखारबिंद से कथावाचन होगा।
कथा महोत्सव का शुभारंभ दो फरवरी की सुबह दस पंद्रह बजे माणिक्यनगर रामद्वारा से अग्रवाल उत्सव भवन तक निकाली जाने वाली भव्य कलश यात्रा से होगा, जिसमें बड़ी संख्या में श्रद्धालुओं के शामिल होने की उम्मीद है। आयोजन के दौरान पंच कुंडीय श्री विष्णु महायज्ञ भी संपन्न कराया जाएगा, जो प्रतिदिन सुबह आठ से दोपहर बारह तीस बजे तक आचार्य पंडित गौरीशंकर शास्त्री और वैदिक विद्वानों के सान्निध्य में होगा।
सात फरवरी की शाम सात बजे राष्ट्रीय संत डॉ मिथिलेश नागर के मुखारबिंद से संगीतमय सुंदरकांड पाठ का आयोजन किया जाएगा। वहीं पांच फरवरी की रात नंद महोत्सव और सात फरवरी को तुलसी विवाहोत्सव श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र रहेंगे। आयोजन समिति ने शहर के धार्मिक और सामाजिक संगठनों से अधिक से अधिक संख्या में सहभागिता निभाने की अपील की है, ताकि यह आयोजन भक्ति और एकता का प्रतीक बन सके।
आयोजन समिति के रामस्वरूप तोषनीवाल ने बताया कि कथा के पहले दिन श्रीमद भागवत की स्थापना और महात्म्य का वाचन होगा। तीन फरवरी को कपिल देवहूति संवाद, सती चरित्र और ध्रुव चरित्र, चार फरवरी को जड़भरत संवाद और नृसिंह अवतार के प्रसंग सुनाए जाएंगे। पांच फरवरी को श्रीकृष्ण जन्म और नंदोत्सव, छह फरवरी को बाल लीला, गोवर्धन पूजा और छप्पन भोग का आयोजन होगा। सात फरवरी को उद्धव चरित्र और रुक्मणी विवाह के साथ कथा आगे बढ़ेगी, जबकि समापन दिवस समापन 8 फरवरी पर सुदामा चरित्र और परीक्षित मोक्ष प्रसंग के साथ पूर्णाहुति होगी।