शिक्षा एवं तकनीक के आधार पर ही माहेश्वरी समाज और उसका व्यापार, व्यवसाय बढ़ेगा: सोनी
भीलवाड़ा । भीलवाड़ा जिला माहेश्वरी सभा द्वारा रविवार को जिलाध्यक्ष अशोक बाहेती की अध्यक्षता में हुरड़ा तहसील के आयोजन हुरड़ा माहेश्वरी भवन में जिला माहेश्वरी सभा भीलवाड़ा की कार्य समिति बैठक आयोजित की गई। बैठक का शुभारंभ तहसील के संरक्षक बसंतीलाल कालिया, महासभा अर्थमंत्री राजकुमार कालिया, प्रदेश अध्यक्ष राधेश्याम चेचानी, जिलाध्यक्ष अशोक बाहेती, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष कैलाश कोठारी, पूर्व प्रदेश अध्यक्ष राधेश्याम सोमानी, जिला मंत्री रमेश चंद्र राठी ने द्वीप प्रज्वलित कर बैठक का शुभारंभ किया। स्वागत उद्बोधन जिला संयुक्त मंत्री दिनेश तोषनीवाल ने दिया। अतिथियों को तिलक लगा कर, दुपट्टा ओढ़ाकर तहसील मंत्री बालमुकुंद मोदी द्वारा भाव भिना स्वागत किया। कार्यसमिति बैठक को संबोधित करते हुए पूर्व सभापति रामपाल सोनी ने कहा की समय के अनुसार जिसने भी अपने को तकनीकी, शिक्षा एवं ज्ञान के आधार पर परिवर्तित किया है वही आगे बढ़ पाया है। माहेश्वरी समाज भी इसी क्रम में समाज की प्रतिभाओं को तकनीकी ज्ञान, शिक्षा के माध्यम से भावी पीढ़ी को प्लेटफॉर्म उपलब्ध करवा कर शिक्षा, व्यापार, रोजगार एवं तकनीक में अपनी सहायता एवं सहयोग कर रहा है। समाज के वरिष्ठ जन एवं महासभा के पदाधिकारी समय-समय पर योजना बनाकर समाज में अपने दायित्व का निर्वाह कर समाज की प्रतिभाओं को निखारने का कार्य कर रहे हैं। इस अवसर पर जिलाध्यक्ष अशोक बाहेती ने महासभा में अधिवेशन के अवसर पर लिए गए निर्णय में से निम्न प्रस्ताव जिला स्तर पर भी लागू करने का सदन से आग्रह किया, जिसमें विशेष रूप से समाज की गति जनसंख्या और बढ़ते लिंगानुपात की समस्या को ध्यान में रखते हुए कन्या जन्म को उत्सव के रूप में मनाने एवं परिवार में तीसरी या अधिक संतान जन्म पर प्रोत्साहन स्वरूप राशि देने का निर्णय लिया, साथ ही बालक एवं बालिका का सही उम्र में विवाह हो इसके लिए बालिका की 22 वर्ष तक एवं बालक की उम्र 25 वर्ष तक शादी करने का प्रस्ताव रखा एवं जो नवीन दंपति इस उम्र तक विवाह करते हैं उन्हें महासभा द्वारा शगुन स्वरूप राशि दी जाएगी एवं ऐसे दंपत्ति का समाज स्तर पर सम्मान किया जाएगा। सामाजिक बैठके मितव्ययता को ध्यान में रखते हुए सामाजिक भावन में ही करने का निर्णय रहा, साथ ही वर्तमान में बढ़ रही कुरीतियां बेबी शावर, बैचलर पार्टी, आफ्टर पार्टी एवं अन्य इवेंट मैनेजमेंट कंपनियों के द्वारा अर्थ, संस्कार एवं संस्कृती का क्षरण किया जा रहा है और फिजूल खर्च बढ़ाने वाले कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं, जिला सभा द्वारा ऐसे कार्यक्रमों पर सामाजिक स्तर पर प्रतिबंध लगाया जाता है। पुर्व सभापति रामपाल सोनी ने सदन से आग्रह किया कि अब समय तेजी से बदल गया है आप समाज के नेतृत्व करता है अब भविष्य में समय के अनुसार तकनीकी को अपनाते हुए नेतृत्व प्रदान कर सके ऐसे कार्यकर्ताओं को आप चयनित कर तहसील जिला, प्रदेश एवं महासभा में भेज कर संगठन को मजबूती प्रदान करें। प्रदेश अध्यक्ष राधेश्याम चेचानी ने सदन को कहा कि हम सबको रहना कर संगठित रहना है, एक रहेंगे तो सेफ रहेंगे, हम बटेंगे तो, हम कटेंगे इस बात को