आकोला (रमेश चंद्र डाड)मांडलगढ़ विधायक ने राजस्थान विधानसभा के बजट सत्र के दौरान नियम 295 के तहत विशेष उल्लेख प्रस्ताव के माध्यम से अपने निर्वाचन क्षेत्र में रोडवेज बसों की कमी और पुराने रूटों के बंद होने का मुद्दा प्रमुखता से उठाया। विधायक ने सरकार का ध्यान इस ओर आकर्षित करते हुए कहा कि क्षेत्र में बसों का संचालन न होने से न केवल आम जनता को परेशानी हो रही है, बल्कि निगम को भी भारी वित्तीय घाटा उठाना पड़ रहा है।
विधायक ने सदन में अपनी बात रखते हुए कहा कि मांडलगढ़ विधानसभा क्षेत्र के कई महत्वपूर्ण और राजस्व देने वाले रूट कोरोना काल से ही बंद पड़े हैं, जिन्हें अब तक पुन: शुरू नहीं किया गया है। उन्होंने इन रूटों पर बसों के नियमित संचालन की मांग की ताकि यात्रियों को राहत मिल सके।
विधायक खंडेलवाल ने निम्नलिखित प्रमुख रूटों पर बसों के संचालन की मांग रखी:
भीलवाड़ा से जोगणिया माता: वाया बडलियास, बरुंधनी, सिंगोली (सुबह 6:00 बजे)।
भीलवाड़ा से कोटा: वाया मांडलगढ़, बिजौलिया (रात्रि 11:30 बजे)।
भीलवाड़ा से कोटा: वाया महुआ, श्यामपुरा (सुबह 6:15 बजे)।
बिजौलिया से बूंदी: सुबह 8:00 बजे और वापसी शाम 5:00 बजे।
भीलवाड़ा से रावतभाटा: वाया सवाईपुर, अकोला, बडलियास, बरुंधनी, सिंगोली, बिचोर, बेगूं।
भीलवाड़ा से मांडलगढ़: रात्रि 8:15 बजे।
भीलवाड़ा से काछोला/शरतला: वाया कोटड़ी, मंशा, गेहूली, ककरोलिया घाटी, राजगढ़ (सुबह और शाम)।
भीलवाड़ा से बिजौलिया: वाया त्रिवेणी, मानपुरा, धामनिया, जसुजी का खेड़ा, सरथला, झंझोला, मांगटला, माल का खेड़ा।
विधायक ने हाल ही में शुरू की गई ई-बसों के संचालन के लिए सरकार का धन्यवाद किया, लेकिन साथ ही जोर देकर कहा कि मांडलगढ़ और बिजौलिया क्षेत्र की भौगोलिक और व्यापारिक स्थिति को देखते हुए उक्त रोडवेज रूटों का बहाल होना अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने सरकार से आग्रह किया कि जनता की मांग को देखते हुए इन रूटों पर अविलंब बसें संचालित की जाएं।
