सर्दी की मार से सिकुड़ गया है पुदीना? इस एक जादुई चीज़ से फिर से होगा हरा-भरा
कड़ाके की ठंड और ओस के कारण अक्सर घरों के बगीचों या गमलों में लगा पुदीना सूखने लगता है या उसकी पत्तियां छोटी होकर सिकुड़ जाती हैं। कई लोग इसे मरा हुआ समझकर उखाड़ देते हैं, लेकिन बागवानी विशेषज्ञों के अनुसार, पुदीना पूरी तरह खत्म नहीं होता, बल्कि सुप्त अवस्था (Dormancy) में चला जाता है। अब जैसे ही मौसम बदल रहा है, आप एक साधारण चीज़ के इस्तेमाल से इसे फिर से लहलहाता हुआ बना सकते हैं।
वह एक जादुई चीज़: 'एप्सम साल्ट'
पुदीने को फिर से जीवित करने के लिए एप्सम साल्ट (मैग्नीशियम सल्फेट) सबसे कारगर उपाय है। मैग्नीशियम क्लोरोफिल के उत्पादन में मदद करता है, जिससे पत्तियां फिर से बड़ी और गहरे हरे रंग की होने लगती हैं।
इस्तेमाल करने का सही तरीका:
मिश्रण तैयार करें: एक लीटर पानी में केवल एक छोटा चम्मच एप्सम साल्ट अच्छी तरह घोल लें।
छिड़काव और सिंचाई: इस घोल को पुदीने की पत्तियों पर स्प्रे करें और थोड़ा पानी जड़ में भी डालें। इसे महीने में दो बार दोहराएं।
पुरानी कटाई: इस्तेमाल से पहले पुदीने की सूखी हुई टहनियों और पुरानी पत्तियों को ऊपर से थोड़ा ट्रिम (Pruning) कर दें ताकि नई कोपलें निकलने की जगह बन सके।
पुदीने के लिए अन्य महत्वपूर्ण टिप्स:
धूप का प्रबंधन: अब जबकि सर्दी कम हो रही है, गमले को ऐसी जगह रखें जहाँ कम से कम 4-5 घंटे की सीधी धूप मिले।
मिट्टी की गुड़ाई: गमले की ऊपरी मिट्टी को हल्का सा खुरच दें (गुड़ाई करें) ताकि जड़ों तक हवा पहुँच सके।
गोबर की खाद: यदि संभव हो, तो थोड़ी सी पुरानी गोबर की खाद या वर्मीकंपोस्ट डालें।
