
नाथद्वारा /दर्पण पालीवाल। रमजान के पवित्र माह में जहाँ छोटे बड़े बुजुर्ग, मुस्लिम महिलाएं रोजा रखकर खुदा की इबादत कर रहे ऐसे में बच्चे भी जब उन्हें देखते हें तो उनसे प्रेरित हो ही जाते है। इस माह में भी अपने रब की बारगाह में उम्र छोटी हो या बड़ी रोजे का हर एक शख्स के उपर फर्ज का सन्देश दिया। ऐसा ही नाथद्वारा की 5 वर्षीय सल्तनत डायर ने माहे रमजान का 14 घंटे का पहला रोजा रखकर खुदा की इबादत की साथ ही सल्तनत के पिता मोहसीन डायर ने बच्ची का पहला रोजा रखने पर रब से रोजा कबुल होने की दुआ मांगी।