भीलवाड़ा। बार काउंसिल ऑफ राजस्थान के चुनाव तय समय पर नहीं कराए जाने को लेकर अधिवक्ताओं में रोष बढ़ता जा रहा है। नियमों के अनुसार बार काउंसिल के चुनाव हर पांच वर्ष में होने चाहिए, लेकिन आठ वर्ष बीत जाने के बावजूद अब तक राजस्थान में चुनाव की घोषणा नहीं हुई है। सुप्रीम कोर्ट के आदेश और बार काउंसिल ऑफ इंडिया के निर्देश के बाद देश के कई राज्यों में चुनाव कार्यक्रम घोषित कर दिए गए हैं, जबकि राजस्थान में स्थिति जस की तस बनी हुई है।
घोषित कार्यक्रम के अनुसार उत्तर प्रदेश में १६ से ३१ जनवरी २०२६, पंजाब एवं हरियाणा में १७ और १८ मार्च २०२६, महाराष्ट्र में २६ मार्च २०२६, दिल्ली में २०, २१ और २२ फरवरी २०२६, तेलंगाना में ३१ जनवरी २०२६, तमिलनाडु एवं पाण्डुचेरी में ३० मार्च २०२६, उत्तराखंड में १७ फरवरी २०२६ तथा गुजरात में १३ मार्च २०२६ को चुनाव होने हैं। इसके बावजूद राजस्थान में कुछ सदस्यों की हठधर्मिता के चलते चुनाव नहीं कराए जाने का आरोप लगाया जा रहा है।
भीलवाड़ा के अधिवक्ता नीरज कुमार गुर्जर ने कहा कि यदि आगामी पांच दिनों में राजस्थान बार काउंसिल चुनाव की घोषणा नहीं की जाती है तो भीलवाड़ा से अनिश्चितकालीन धरना शुरू किया जाएगा, जिसकी लपटें पूरे प्रदेश में फैलेंगी। उन्होंने चेतावनी दी कि सभी जिलों में धरना प्रदर्शन किए जाएंगे।
उन्होंने बताया कि आंदोलन के तहत पत्र लिखने, हस्ताक्षर अभियान चलाने, धरना प्रदर्शन, अनशन, सद्बुद्धि यज्ञ, पुतला दहन और घेराव जैसे कार्यक्रम पूरी तरह अहिंसक तरीके से किए जाएंगे। उन्होंने सभी अधिवक्ताओं से एकजुट होकर जल्द से जल्द चुनाव कराने की मांग को लेकर व्यापक आंदोलन खड़ा करने का आह्वान किया।