हनुमान जन्मोत्सव पर हमीरगढ़ में निकली भव्य शोभायात्रा, गढ़ के हनुमान मंदिर में सजा छप्पन भोग
हमीरगढ़ (राजाराम वैष्णव) हनुमान जन्मोत्सव के अवसर पर नगरपालिका हमीरगढ़ क्षेत्र में उत्साह और भक्ति का माहौल देखने को मिला। दोपहर बाद फुटिया के हनुमान मंदिर, गढ़ के हनुमान मंदिर एवं किरो की झुपड़ियां हनुमान मंदिर से विश्व हिंदू परिषद और बजरंग दल के तत्वावधान में भव्य शोभायात्रा निकाली गई। शोभायात्रा में शामिल श्रद्धालु ढोल-नगाड़ों की धुन पर नाचते-गाते हुए आगे बढ़े और पूरे नगर में भगवान हनुमान के जयकारों से वातावरण गुंजायमान हो उठा। इस दौरान अखाड़ों के कलाकारों ने आकर्षक करतबों का प्रदर्शन कर सभी का मन मोह लिया। यह यात्रा नगर के प्रमुख मार्गों—होली चौक, नृसिंह बाजार, सदर बाजार और चित्तौड़ी दरवाजा—से होकर गुजरी। जगह-जगह नागरिकों ने पुष्पवर्षा कर शोभायात्रा का स्वागत किया तथा प्रसादी और पेयजल की व्यवस्था की। आयोजन के दौरान प्रशासन ने सुरक्षा के पुख्ता इंतजाम किए गए थे, जिससे कार्यक्रम शांतिपूर्ण ढंग से संपन्न हुआ।
गढ़ के हनुमान मंदिर में सजा छप्पन भोग, उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़
हनुमान जन्मोत्सव के पावन अवसर पर गढ़ के हनुमान मंदिर में भगवान हनुमान को छप्पन भोग अर्पित किया गया। मंदिर परिसर में आकर्षक साज-सज्जा के बीच विभिन्न प्रकार के मिष्ठान, फल एवं व्यंजनों से सजा छप्पन भोग श्रद्धालुओं के आकर्षण का केंद्र रहा। इस अवसर पर सुबह से ही मंदिर में भक्तों का तांता लगा रहा। श्रद्धालुओं ने दर्शन कर पूजा-अर्चना की और भगवान हनुमान से सुख-समृद्धि की कामना की। भोग के दर्शन के लिए विशेष व्यवस्था की गई, जिससे श्रद्धालु सुव्यवस्थित तरीके से दर्शन कर सके। शाम 8 बजे संगीतमय सुंदरकांड का आयोजन भी किया जाएगा।
होली चौक स्थित हनुमान मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना
हनुमान जन्मोत्सव के अवसर पर होली चौक स्थित हनुमान मंदिर में विशेष पूजा-अर्चना का आयोजन किया गया। इस दौरान सुबह से ही मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ उमड़ पड़ी और भक्तों ने विधि-विधान से भगवान हनुमान की आराधना की।
तालाब की पाल हनुमान मंदिर में उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़
हनुमान जन्मोत्सव पर तालाब की पाल स्थित हनुमान मंदिर में श्रद्धालुओं का ताता लगा। सुबह से ही भक्तों ने मंदिर में प्रवेश कर भगवान हनुमान के दर्शन किए और विशेष पूजा-अर्चना में भाग लिया। मंदिर परिसर में जयकारों और भजन-कीर्तन से वातावरण भक्तिमय रहा। श्रद्धालुओं ने विधि-विधान से पूजा-अर्चना कर सुख-समृद्धि की कामना की।