परिवार का व्यक्ति छल-कपट करे तो क्या करना चाहिए? प्रेमानंद जी महाराज ने बताया
प्रेमानंद जी महाराज के वीडियो सोशल मीडिया पर छाए रहते हैं. सोशल मीडिया पर उनके लाखों फॉलोवर्स हैं. ये श्रद्धालुओं और भक्तों को जीवन का सच्चा अर्थ समझाते और बताते हैं. उनके विचार जीवन में सुधार लाने और संतुलन बनाए रखने में मदद करता है. उनके पास भक्त अपनी परेशानियों और समस्याओं को लेकर पहुंचते हैं. ये परेशानियां ज्यादातर सांसारिक होती है. इन समस्याओं को सुनकर प्रेमानंद जी महाराज बहुत सहज उत्तर देते हैं. इसी तरह एक महिला श्रद्धालु ने प्रेमानंद जी महाराज से पूछा कि अगर हमारे परिवार का कोई शख्स झूठा और फरेबी हो, वह परिवार के साथ छल-कपट कर रहा है, तो क्या करना चाहिए.
प्रेमानंद जी ने दिया ये जवाब
प्रेमानंद जी महाराज ने महिला के सवाल को सुनकर कहा कि सबसे पहले यह देखना चाहिए कि उस व्यक्ति के साथ आपका क्या संबंध है, क्योंकि हर संबंध का जीवन में अपना अधिकार होता है. ऐसे में हर संबंध के लिए सार्वजनिक तौर पर जवाब देना सही नहीं होता है. यह सुनकर महिला ने प्रेमानंद जी महाराज से कहा कि वह मेरा भाई है. इस प्रेमानंद जी ने कहा कि आपका विवाह हो चुका है, तो भाई से क्या मतलब. अगर आपके भाई के झूठ-फरेब, छल-कपट से पारिवारिक जीवन पर असर पड़ रहा है, तो उसे छोड़ दें.
भाई से रिश्ते का करें त्याग
प्रेमानंद जी महाराज ने आगे कहा कि आपको सिर्फ अपने पति के अनुकूल रहना चाहिए और अपने भाई का त्याग कर देना चाहिए. शादी के बाद आप अपने माता-पिता, भाई से तभी तक रिश्ता नहीं बनाना चाहिए जब तक आपका और आपके पति से रिश्ता मधुर रहे. अगर इन संबंधों के कारण आपके रिश्ते में खटास आ रही है, तो उनका त्याग कर देना चाहिए.
माता-पिता को रखें अपने पास
इतना ही नहीं उन्होंने यह भी कहा कि अगर आपके भाई के व्यवहार से माता-पिता परेशानी में हैं, तो इसका सिर्फ एक समाधान है कि आप अपने माता-पिता को अपने पास रख लें. लेकिन इस बात का ध्यान रखें, यह तभी संभव होगा, जब आपका पति इसकी अनुमति दे. वह कहते हैं कि पतिव्रता धर्म का पालन करने वाली महिलाएं हर मुश्किल को पार कर लेती हैं.